गैस एजेंसी की मनमानी, होम डिलीवरी के बजाय सड़क पर वितरण; गैस एजेंसियों की लापरवाही से आमजन में फैल रहा भ्रम
पुर (भीलवाड़ा/बृजेश शर्मा) सरकार और जिला प्रशासन द्वारा एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता के दावों के बीच उपनगर पुर में गैस वितरण व्यवस्था पटरी से उतरी नजर आ रही है। स्थानीय गैस एजेंसी के कर्मचारियों द्वारा जिला कलेक्टर के स्पष्ट आदेशों की अवहेलना करते हुए उपभोक्ताओं को होम डिलीवरी देने के बजाय चौराहे पर बुलाकर सिलेंडर बांटे जा रहे हैं, जिससे क्षेत्र में अनावश्यक अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है।
- नियमों को ताक पर रखकर वितरण:
प्रशासन द्वारा ओटीपी (OTP) आधारित होम डिलीवरी अनिवार्य किए जाने के बावजूद, पुर में इंडियन गैस एजेंसी के कर्मचारी उपभोक्ताओं के घर जाने के बजाय एक निश्चित स्थान पर स्टैंड लगाकर सप्लाई कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि उनसे होम डिलीवरी शुल्क पूरा वसूला जा रहा है, लेकिन सिलेंडर लेने के लिए उन्हें स्वयं सड़क पर आना पड़ रहा है।
- अव्यवस्था से फैल रहा भ्रम:
चौराहों पर भीड़ जुटाकर किए जा रहे इस वितरण से आमजन में गैस की किल्लत का गलत संदेश जा रहा है। उपभोक्ताओं ने बताया कि एक ही स्थान पर भीड़ जमा होने से न केवल परेशानी हो रही है, बल्कि इससे अनावश्यक रूप से सिलेंडर की कमी की अफवाहें भी बल पकड़ रही हैं।
- सख्त कार्रवाई की मांग:
क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन और रसद विभाग से मांग की है कि दैनिक मॉनिटरिंग के बावजूद निर्देशों की अवहेलना करने वाले एजेंसी कार्मिकों और प्रबंधन के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक प्रत्येक उपभोक्ता के द्वार तक सिलेंडर नहीं पहुंचेगा, तब तक अफवाहों और भ्रांतियों पर रोक लगाना मुश्किल होगा।