गाजी बाबा की दरगाह पर चढ़ाया गया अलम, 4 से 6 जून तक उर्स
जहाजपुर (मोहम्मद आज़ाद नेब)। हजरत गायेबना गाजी दरगाह में ईद-उल-जुहा का चांद दिखाई देने के साथ ही परंपरागत रूप से अलम (झंडा) चढ़ाने की रस्म अदा की गई। दरगाह को क्षेत्र में आस्था और हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रमुख केंद्र के रूप में माना जाता है, जहां सभी धर्मों के अकीदतमंद अपनी श्रद्धा व्यक्त करने पहुंचते हैं।
अंजुमन गाजी विकास सोसायटी के मोहम्मद रईस टांक ने बताया कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी दरगाह के मुख्य हिस्से पर अलम चढ़ाकर उर्स कार्यक्रम की शुरुआत की गई। दरगाह में 4, 5 और 6 जून को उर्स का आयोजन होगा। इस दौरान मिलाद, कव्वाली और विशेष दुआओं का आयोजन किया जाएगा।
उर्स के अवसर पर बड़ी संख्या में अकीदतमंद दरगाह पहुंचकर चादर और झंडा पेश करते है। मान्यता है कि यहां सच्चे दिल से मांगी गई मन्नतें पूरी होती हैं, इसलिए लोग अपनी मुराद पूरी होने पर चादर चढ़ाने के साथ नई मन्नतें भी मांगते हैं।


