नौतपा से पूर्व ही भीषण गर्मी से लोग हुए परेशान चिकित्सक ने बताएं बचाव के उपाय
लक्ष्मणगढ़ (अलवर/कमलेश जैन) इस बार गर्मी ने ना सिर्फ दशकों पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। बल्कि लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हर रोज तापमान चालीस के पार होना आम बात है तो वहीं तेज लू भी गर्मी के इस प्रहार को और कड़ा कर रही है। अप्रैल माह की गर्मी ने पिछले कई दशक का रिकॉर्ड तोड़ दिया है।अभी मई और जून के हालात का सामना करना तो बाकी ही है।
लेकिन माह अप्रैल ने ही नौतपा जैसी भीषण गर्मी का एहसास करा दिया है। अगर इस भीषण गर्मी में समय रहते सावधानी न बरती जाए, तो सेहत पर इसका सीधा असर पड़ सकता है।
बचने के क्या उपाय -गर्मी के मौसम को देखते हुए स्थानीय खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर रूपेंद्र शर्मा ने बताया कि-
- बाहर न निकलें: हीटवेव या लू के दौरान बच्चों और बुजुर्गों को घर में ही रखें। इन दोनों के लिए ही ज्यादा तापमान में बाहर निकलना ठीक नहीं। इन लोगों को धूप में निकलने से पहले उचित सावधानी बरतनी चाहिए।
- हाइड्रेशन है जरूरी: हाइड्रेटेड रहना बेहद जरूरी है. इसलिए खूब पानी पिएं, बहुत सारे तरल पदार्थों जैसे नींबू पानी, आम पन्ना और नारियल पानी को अपने आहार में शामिल करें. कोई चीज पीने के लिए प्यास लगने का इंतजार न करें। अपने लिए हर 30 मिनट में एक अलार्म सेट करें और हर 30 मिनट में कुछ न कुछ पिएं।
- हल्के कपड़े पहनें: हल्के सूती कपड़े पहनें। हल्के, हल्के रंग के और ढीले-ढाले कपड़े चुनने से शरीर पर चकत्ते पड़ने की संभावना कम हो जाती है।
- घर को ठंडा रखें : गर्मी के समय खिड़कियों पर परदे या ब्लाइंड्स बंद रखें ताकि तेज धूप अंदर न आए। रात में खिड़कियां खोलकर ठंडी हवा आने दें। पंखा या कूलर भी घर का तापमान कम करने में मदद कर सकते हैं।
- इस भीषण गर्मी में शरीर पर गर्मी का असर तेजी से पड़ सकता है।
- लू लगने का खतरा बढ़ जाता है
इस दौरान गर्मी सामान्य से ज्यादा महसूस होने की आशंका मानी जा रही है। इलाके में दोपहर के समय तेज धूप, गर्म हवाएं और उमस लोगों को असहज कर सकती हैं।
- खाने‑पीने को लेकर क्या सावधानी रखें?
- भीषण गर्मी के दौरान खान‑पान में हल्के और ठंडक देने वाले विकल्प चुनना बेहतर माना जाता है।
- दिनभर पर्याप्त पानी पीते रहें।
- मौसमी फल जैसे तरबूज, खरबूजा शामिल करें
- बहुत ज्यादा तली‑भुनी और मसालेदार चीजों से बचें।
- बाहर की खुली और बासी चीजें खाने से परहेज करें।
- छाछ, दही या नींबू पानी जैसे पेय मददगार हो सकते हैं।
- किन लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है?
- कुछ लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए:
- बच्चे और बुजुर्ग पहले से बीमार लोग
- बाहर धूप में काम करने वाले लोग गर्भवती महिलाएं।
- इन लोगों का शरीर गर्मी को जल्दी संभाल नहीं पाता, इसलिए इनके लिए धूप से बचाव और सही हाइड्रेशन बेहद जरूरी होता है।
- लू लगने का खतरा क्यों बढ़ जाता है? तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण शरीर से पानी और जरूरी मिनरल्स तेजी से निकलते हैं। इससे डिहाइड्रेशन और लू लगने का खतरा बढ़ सकता है।
- गर्मी में बाहर निकलते समय क्या‑क्या सावधानियां जरूरी हैं? धूप में बाहर निकलते समय सिर ढकना, हल्के कपड़े पहनना, पानी साथ रखना और दोपहर के समय बाहर जाने से बचना मददगार हो सकता है।
- खाने‑पीने में क्या बदलाव करने चाहिए? इस दौरान हल्का और ठंडक देने वाला भोजन लेना बेहतर माना जाता है। पानी, मौसमी फल और घर का ताजा खाना शरीर को संतुलित रखने में मदद कर सकता है।
- बच्चों और बुजुर्गों का शरीर तापमान को जल्दी संतुलित नहीं कर पाता, इसलिए उन्हें तेज गर्मी के दौरान अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत होती है।
- किन लोगों को सबसे ज्यादा सावधानी रखनी चाहिए? जो लोग पहले से बीमार हैं, गर्भवती महिलाएं और धूप में काम करने वाले लोगों को इस समय विशेष ध्यान रखने की सलाह दी जाती है।
- तबीयत बिगड़ने के लक्षण दिखें तो क्या करें? चक्कर, कमजोरी या अत्यधिक प्यास जैसी समस्या होने पर तुरंत छांव में जाना, पानी पीना और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी होता है।


