दिल्ली-जयपुर हाईवे पर सोतानाला पुल के पास केमिकल कंटेनर पलटा, 8 घंटे रहा जाम
बहरोड़ (राजस्थान) जयपुर-दिल्ली नेशनल हाईवे (NH-48) पर सोमवार सुबह एक बड़ा हादसा होने से यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। बहरोड़ के सोतानाला पुल के पास केमिकल के ड्रमों से भरा एक तेज रफ्तार कंटेनर अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे के बाद हाईवे पर करीब आठ घंटे तक वाहनों का चक्का जाम रहा, जिससे भीषण गर्मी में राहगीरों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
साइड देने के चक्कर में हुआ हादसा पुलिस के अनुसार, कंटेनर हरियाणा के कुरुक्षेत्र से केमिकल के ड्रम लेकर गुजरात की तरफ जा रहा था। सुबह करीब 6 बजे सोतानाला पुल के पास सामने से आ रहे एक अन्य वाहन को साइड देने के प्रयास में कंटेनर के चालक ने नियंत्रण खो दिया, जिससे वह बीच सड़क पर ही पलट गया। गनीमत यह रही कि हादसे में कंटेनर चालक मेघराज जाट को मामूली चोटें आईं, जिसे प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
केमिकल के ड्रमों के कारण हटाने में लगी मशक्कत हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और हाईवे प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। चूंकि कंटेनर में भारी मात्रा में केमिकल के ड्रम लोड थे, इसलिए उसे क्रेन की मदद से सीधा करने और सड़क से हटाने में काफी समय लगा। लगभग 8 घंटे बीत जाने के बाद भी हाईवे पर यातायात सुचारू नहीं हो सका था, जिससे दोनों तरफ वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं।
कच्चे रास्तों पर फंसे वाहन, ट्रैक्टर वालों ने की वसूली हाईवे पर लगे लंबे जाम से बचने के लिए कई कार और छोटे वाहन चालकों ने मुख्य मार्ग छोड़कर आसपास के ग्रामीण और कच्चे रास्तों का सहारा लिया। लेकिन इलाका रेतीला होने के कारण दर्जनों गाड़ियां रेत में धंस गईं। इस स्थिति का फायदा उठाते हुए स्थानीय ट्रैक्टर चालकों ने मजबूरी का फायदा उठाया और फंसी हुई कारों को निकालने के एवज में 500 से 700 रुपये तक की मनमानी वसूली की।
शीघ्र हटाने की व्यवस्था हो: स्थानीय निवासी घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों और वाहन चालकों ने प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया है। लोगों का कहना है कि दिल्ली-जयपुर जैसे व्यस्ततम राष्ट्रीय राजमार्ग पर हादसों के बाद भारी वाहनों को तुरंत हटाने के लिए पुख्ता और आधुनिक इंतजाम होने चाहिए, ताकि आम जनता को घंटों तक जाम में न जूझना पड़े।


