बेकाबू ट्रेलर शोरूम की सीढ़ियों से टकराया, सैकड़ों लीटर डीजल सड़क पर बहा, बड़ा हादसा टला
दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे पर उपवन सोसायटी के पास हुआ हादसा, टैंक फटने से सर्विस रोड पर फैला तेल
- सुबह के वक्त आवाजाही कम होने से बची कई जानें, कोटपूतली से गुरुग्राम जा रहा था ट्रेलर
बहरोड़ (राजस्थान) दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे पर सोमवार सुबह एक भीषण सड़क हादसा होते-होते टल गया। कोटपूतली से गुरुग्राम की ओर जा रहा एक तेज रफ्तार ट्रेलर अचानक बेकाबू हो गया और हाईवे के किनारे उपवन सोसायटी के बाहर स्थित एक शोरूम की सीढ़ियों तक जा पहुंचा। गनीमत यह रही कि ट्रेलर सीढ़ियों से टकराकर रुक गया और शोरूम के भीतर नहीं घुसा, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
सड़क पर बहा सैकड़ों लीटर डीजल, मची अफरा-तफरी यह हादसा हाईवे की सर्विस रोड पर हुआ। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बेकाबू ट्रेलर का डीजल टैंक बुरी तरह फट गया। टैंक फटते ही उसमें भरा सैकड़ों लीटर डीजल पूरी सड़क पर बह गया, जिससे सर्विस रोड पर फिसलन हो गई। चूंकि हादसा सुबह के वक्त हुआ था, इसलिए वहां लोगों और अन्य वाहनों की आवाजाही कम थी, अन्यथा कई लोग इसकी चपेट में आ सकते थे।
दुकानदारों ने जताई चिंता, बोले- बड़ा नुकसान हो जाता हादसे की आवाज सुनकर आसपास के दुकानदार और स्थानीय लोग तुरंत मौके पर जमा हो गए। क्रेन और मलबे के बीच फंसे ट्रेलर को देखकर लोगों ने गहरी चिंता व्यक्त की। स्थानीय व्यापारियों का कहना था कि यदि ट्रेलर की रफ्तार थोड़ी और ज्यादा होती, तो वह सीढ़ियों को तोड़ते हुए सीधे शोरूम के अंदर घुस जाता। ऐसे में भारी आर्थिक नुकसान के साथ-साथ वहां मौजूद कर्मचारियों की जान भी जा सकती थी।
मौके पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि- "शुरुआती तौर पर लग रहा है कि चालक ने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया था, जिसके कारण यह हादसा हुआ। गनीमत रही कि सुबह का समय होने से राहगीर इसकी चपेट में आने से बच गए।"
प्रशासन ने मोर्चा संभाला, सुचारू कराया यातायात घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और संबंधित विभाग के कर्मचारी दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। सबसे पहले सड़क पर फैले डीजल को हटाने और साफ करने का काम शुरू किया गया ताकि अन्य दुपहिया या चार पहिया वाहन फिसलकर हादसे का शिकार न हों। इसके बाद क्रेन की मदद से ट्रेलर को रास्ते से हटाकर यातायात को सुचारू किया गया। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है कि हादसा चालक को नींद की झपकी आने से हुआ या वाहन में कोई तकनीकी खराबी थी।


