गृह राज्यमंत्री बेढम ने कारिस देव बाबा मेला का उद्घाटन;- बेढम बोले मेला भारतीय संस्कृति की पहचान
हलैना (विष्णु मित्तल), श्री कारिस देव बाबा मेला कमेटी की ओर से अरावली पर्वतमाला की श्रृंखलाआंे के मध्य बसे गांव जहाज स्थित आस्था से भरपूर श्री कारिस देव बाबा मन्दिर पर श्री देव बाबा मेला का उद्घाटन गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम ने किया और उन्होने कहा कि भारत के सभी मेले भारतीय संस्कृति की पहचान है साथ ही एकता, अखण्डता, भाईचारा, प्रेम की भावना की मिशाल है। ऐसे आयोजन से देश, समाज और परिवार में देशभक्ति और प्रेम की भावनाएं आती है। गृह राज्यमंत्री बेढम ने कहा कि राज्य के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सांस्कृतिक पुनरूद्वार, आस्था से भरपूर धार्मिक व लोक देवताओं के स्थल के विकास के लिए संकल्पित होकर कार्य कर रही है। उन्होने कहा कि श्री कारिस देव बाबा पशुपालक, किसान के साथ सभी वर्गो के कल्याण के जाने जाते है। उनका स्वाभिमान, संघर्ष एवं लोक कल्याण आज भी आदर्श है।
गृह राज्यमंत्री बेढम ने मेला का फीता काट कर कारिस देव बाबा की पूजा-अर्चना की और राज्य के किसान, पशुपालक सहित सभी की खुशहाली की कामनाए की। श्री देव कारिस मेला कमेटी सदस्य एवं गोठिया खुबीराम एव लखन सिंह ने बताया कि आस्था से भरपूर गांव जहाज स्थित श्री कारिस देव मन्दिर पर देव बाबा मेला जारी है, जो 28 सितंम्बर तक चलेगा, मुख्य मेला एवं देव बाबा की जात 31 अगस्त से शुरू हो गई, जो 2 सिंतम्बर रहेगी। मेले का उद्घाटन गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम ने किया। इस अवसर पर मन्दिर के गोठिया दीपी सिंह, सियाराम, शेर सिंह, रतिराम, केदार सिंह वाराखंुर्द, फत्ते सिंह गुर्जर आदि गृह राज्यमंत्री बेढम का स्वागत किया और देव बाबा की पूजा-अर्चना की।
मन्दिर के गोठिया सियाराम ने बताया कि मेले में राजस्थान, उत्तरप्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, गुजराज, मध्यप्रदेश, पंजाब आदि राज्यों से भारी सख्यां श्रद्वालु पैदल, रेलगाडी एवं अन्य यातायात साधनों से आते है। मेला कमेटी, ग्राम पंचायत, क्षेत्र के श्रद्वालुओं के द्वारा पेयजल, भोजन, आवास, सुरक्षा, रोशनी, पार्किंग आदि की निःशुल्क व्यवस्था की जा रही है। बयाना से जहाज वाया वैर, हिण्डोन से जहाज वाया बल्लभगढ, नदबई से जहाज वाया हलैना-वैर, भरतपुर से जहाज वाया हन्तरा-वैर, कलसाडा से जहाज वाया बल्लभगढ आदि मार्ग पर देव बाबा के भक्तों के द्वारा भण्डारा संचालित है, जहां भोजन, जलपान, आवास, चिकित्सा आदि की व्यवस्था है।

