लोकसभा में गूंजा लोहागढ़ किले का मुद्दा, सांसद संजना जाटव ने नियम 377 के तहत उठाई पर्यटन विकास व संरक्षण की मांग
कठूमर (दिनेश लेखी)। सांसद संजना जाटव ने लोकसभा सचिवालय में नियम 377 के अंतर्गत भरतपुर शहर के ऐतिहासिक लोहागढ़ किले के संरक्षण और पर्यटन विकास का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सांसद संजना जाटव ने इस महत्वपूर्ण विषय की ओर सदन का ध्यान आकर्षित करते हुए केंद्र सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग की।
सांसद जाटव ने कहा कि भरतपुर स्थित लोहागढ़ किला भारत के गौरवशाली इतिहास का अद्वितीय प्रतीक है। यह किला अपनी मजबूत संरचना और मिट्टी की प्राचीरों के कारण प्रसिद्ध है, जिसे अंग्रेज भी कभी जीत नहीं पाए। उन्होंने बताया कि यह किला पर्यटन की अपार संभावनाएं समेटे हुए है, लेकिन उचित रखरखाव, प्रचार-प्रसार और केंद्र व राज्य स्तर पर संरक्षण के अभाव में इसका ऐतिहासिक वैभव फीका पड़ता जा रहा है।
उन्होंने सदन में कहा कि पर्यटक यहां आते तो हैं, लेकिन मूलभूत सुविधाओं की कमी और जीर्ण-शीर्ण स्थिति के कारण पर्यटन अपेक्षित स्तर तक नहीं पहुंच पाया है। ऐसे में किले को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विशेष पर्यटन पैकेज की आवश्यकता है।
सांसद संजना जाटव ने केंद्र सरकार के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्रालय से आग्रह किया कि लोहागढ़ किले के जीर्णोद्धार, सौंदर्यीकरण और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रचार-प्रसार के लिए तत्काल प्रभाव से विशेष योजना लागू की जाए। उन्होंने कहा कि इससे न केवल ऐतिहासिक धरोहर का संरक्षण होगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।

