मनरेगा मजदूरी कम मिलने पर रैणी में हंगामा; श्रमिकों ने SDO और BDO कार्यालय में सौंपा ज्ञापन, अतिरिक्त BDO पर धमकाने का आरोप
रैणी (अलवर)। उपखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत टहटडा के पाली गांव के मनरेगा श्रमिकों ने सोमवार को मजदूरी कम आने के विरोध में जमकर प्रदर्शन किया। श्रमिकों ने पहले रैणी उपखंड (SDO) कार्यालय पहुंचकर जांच के लिए ज्ञापन सौंपने का प्रयास किया, लेकिन उपखंड अधिकारी के कैंप में होने के कारण सभी श्रमिक पंचायत समिति (BDO) कार्यालय पहुंचे और लिखित शिकायत सौंपी।
पंचायत समिति कार्यालय के बाहर मीडिया से बातचीत में मनरेगा श्रमिक बबली देवी सहित अन्य महिला श्रमिकों ने बताया कि उन्होंने पूरा काम किया था, लेकिन उनके खातों में मात्र 150 रुपये ही मजदूरी आई है। इस गड़बड़ी की जांच को लेकर जब वे कार्यालय पहुंचे, तो वहां मौजूद अधिकारियों का व्यवहार सहयोगात्मक नहीं रहा।
- 'शिकायत की तो भुगतना पड़ेगा अंजाम'
पीड़ित महिला श्रमिकों ने रैणी पंचायत समिति के अतिरिक्त विकास अधिकारी (एडिशनल BDO) मुकेश मीना पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिलाओं ने रोष जताते हुए कहा कि एडिशनल BDO ने उनकी समस्या सुनने के बजाय उन्हें डराया-धमकाया। श्रमिकों के अनुसार, अधिकारी ने कहा— "यदि तुम लोगों ने ज्यादा शिकायतबाजी की, तो तुम्हारे खिलाफ ही मुकदमा दर्ज करवा दिया जाएगा।"
- श्रमिकों में भारी आक्रोश, कार्रवाई की मांग
अधिकारी के इस रवैये से श्रमिकों में गहरा आक्रोश है। महिलाओं ने मीडिया से कहा कि अगर सरकारी दफ्तरों में गरीबों को इस तरह मुकदमों की धमकी देकर भगाया जाएगा, तो किसी भी आमजन की पंचायत समिति में आने और अपनी शिकायत दर्ज कराने की हिम्मत नहीं होगी। श्रमिकों ने जिला प्रशासन से कम मजदूरी मिलने के मामले की निष्पक्ष जांच कराने और अभद्र व्यवहार करने वाले अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।


