शिकायतों के त्वरित निस्तारण और सरकारी योजनाओं की निगरानी करेगी समिति; जिले में 10 सदस्यीय समिति का गठन
कठूमर (दिनेश लेखी) राजस्थान सरकार के जन अभियोग निराकरण विभाग द्वारा आमजन की शिकायतों के प्रभावी समाधान तथा सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की निगरानी को मजबूत बनाने के उद्देश्य से प्रदेश के सभी जिलों में जिला जन अभियोग एवं सतर्कता समितियों का गठन किया गया है। इसी क्रम में अलवर जिले के लिए भी 10 सदस्यीय समिति का गठन किया गया है, जिसमें कठूमर नगर पालिका के पूर्व चेयरमैन एवं वरिष्ठ जनप्रतिनिधि शेरसिंह मीणा को अनुसूचित जनजाति वर्ग का प्रतिनिधित्व देते हुए सदस्य मनोनीत किया गया है।
राज्य सरकार के प्रशासनिक सुधार विभाग के निर्देशानुसार गठित यह समिति जिला कलक्टर की अध्यक्षता में कार्य करेगी। समिति का मुख्य उद्देश्य आमजन से प्राप्त शिकायतों के त्वरित निस्तारण, विभिन्न विभागों की कार्यप्रणाली की निगरानी, सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा प्रशासनिक पारदर्शिता एवं जवाबदेही को सुनिश्चित करना है। समिति समय-समय पर जन समस्याओं की समीक्षा कर संबंधित विभागों को आवश्यक सुझाव भी देगी।
समाज के विभिन्न वर्गों को मिला प्रतिनिधित्व
राज्य सरकार ने समिति के गठन में सामाजिक समरसता एवं संतुलित प्रतिनिधित्व को प्राथमिकता देते हुए विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधियों को शामिल किया है। महिला वर्ग से रीटा सेठी (नंगली मेधा, रामगढ़), अनुसूचित जाति वर्ग से रामलाल वर्मा, अन्य पिछड़ा वर्ग से सत्येन्द्र सैनी (राजगढ़), अनुसूचित जनजाति वर्ग से शेरसिंह मीणा, अल्पसंख्यक वर्ग से इब्राहिम खान तथा सामान्य वर्ग से दिनेश गुप्ता को सदस्य बनाया गया है। इसके अलावा सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय योगदान देने वाले घनश्याम गुर्जर (निवर्तमान महापौर, अलवर), पंडित धर्मवीर शर्मा (पूर्व जिलाध्यक्ष), संजय सिंह नरूका एवं इन्द्रजीत सिंह को भी समिति में शामिल किया गया है।
जिला कलक्टर को दिए गए आवश्यक निर्देश
संयुक्त शासन सचिव द्वारा जारी आदेश में जिला कलक्टर अलवर को निर्देशित किया गया है कि सभी मनोनीत सदस्यों को नियुक्ति आदेश की प्रति उपलब्ध कराई जाए तथा उनसे संबंधित आवश्यक सूचनाएं निर्धारित समयावधि में जन अभियोग निराकरण विभाग को प्रेषित की जाएं। साथ ही समिति के नियमित संचालन एवं बैठकों की कार्यवाही सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
आमजन की समस्याओं के समाधान में मिलेगी गति
जिला जन अभियोग एवं सतर्कता समिति के गठन से जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक जवाबदेह बनाने में मदद मिलेगी। विभिन्न विभागों में लंबित शिकायतों, भ्रष्टाचार, लापरवाही तथा जनहित से जुड़े मामलों की समीक्षा कर उनके त्वरित समाधान की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा सकेंगे। इससे आम नागरिकों को अपनी समस्याएं स्थानीय स्तर पर रखने और उनका समयबद्ध समाधान प्राप्त करने में सुविधा मिलेगी।
कठूमर क्षेत्र में शेरसिंह मीणा के मनोनयन पर जताई खुशी
कठूमर क्षेत्र के लोगों ने पूर्व नगर पालिका चेयरमैन शेरसिंह मीणा को जिला जन अभियोग एवं सतर्कता समिति का सदस्य बनाए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की है। क्षेत्रवासियों का मानना है कि उनके अनुभव और जनसरोकारों की समझ का लाभ समिति के माध्यम से जिले के नागरिकों को मिलेगा तथा जनहित के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया जा सकेगा।


