बावड़ी और हतुंडी पंचायत समिति चुनाव में रिकॉर्ड मतदान: हतुंडी में 87.82% और बावड़ी में 89.10% मतदाताओं ने दिखाई ताकत
बावड़ी (जोधपुर) मिश्रीलाल लखारा
राजस्थान पंचायती राज चुनाव-2026 के अंतर्गत शुक्रवार को जोधपुर जिले की बावड़ी एवं हतुंडी पंचायत समितियों की ग्राम पंचायतों में सरपंच और वार्ड पंच पदों के लिए मतदान बेहद उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। ग्रामीण अंचल में अपने क्षेत्र की सरकार चुनने के लिए मतदाताओं में जबरदस्त जोश देखने को मिला, जिसका गवाह दोनों क्षेत्रों का बंपर मतदान प्रतिशत बना।
रिकॉर्ड तोड़ मतदान: हतुंडी में 87.82% और बावड़ी में 89.10% वोटिंग
चुनाव आयोग और प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार, हतुंडी पंचायत समिति क्षेत्र में कुल 33,820 मतदाताओं में से 29,700 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जिससे यहां कुल 87.82 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। वहीं, बावड़ी पंचायत समिति क्षेत्र में भी रिकॉर्ड भागीदारी देखने को मिली, जहां कुल 73,650 मतदाताओं में से 65,613 मतदाताओं ने वोट डाले और यहाँ का मतदान प्रतिशत 89.10 प्रतिशत रहा। पुरुषों के साथ-साथ महिलाओं और युवा मतदाताओं की सक्रियता ने इस चुनाव को ऐतिहासिक बना दिया।
अणवाणा में फर्जी मतदान के आरोप पर गरमाया माहौल
मतदान के दौरान अधिकांश केंद्रों पर प्रक्रिया शांतिपूर्ण रही, हालांकि बावड़ी पंचायत समिति क्षेत्र की अगवाणा (अणवाणा) ग्राम पंचायत में फर्जी मतदान के आरोपों को लेकर कुछ समय के लिए माहौल जरूर गरमा गया। नाराज मतदाताओं द्वारा विरोध जताए जाने से हल्की तनाव की स्थिति बन गई। हालांकि, मौके पर मुस्तैद प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए समझाइश की और स्थिति पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया। हालांकि फर्जी मतदान के आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन इसके बाद मतदान सुचारू रूप से जारी रहा।
कितने पदों पर हुआ मुकाबला?
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बावड़ी पंचायत समिति: यहाँ की 27 ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए नाम वापसी के बाद कुल 90 प्रत्याशी मैदान में थे। इसके अलावा यहाँ 243 वार्ड पंच पद हैं।
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हतुंडी पंचायत समिति: यहाँ की 23 ग्राम पंचायतों में से 2 सरपंच पहले ही निर्विरोध चुने जा चुके थे, जबकि शेष 21 पंचायतों में 68 प्रत्याशियों के बीच मुकाबला हुआ। यहाँ कुल 163 वार्ड पंच पद हैं।
एक-एक वोट के लिए पसीना बहाते नजर आए प्रत्याशी
सुबह से ही मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। गाँव की सरकार चुनने के लिए हर वर्ग में उत्सुकता थी। दूसरी ओर, चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशी और उनके समर्थक एक-एक वोट को साधने के लिए दिनभर जोर-अमाइश करते नजर आए। छिटपुट घटनाओं को छोड़कर पुलिस और प्रशासन के पुख्ता इंतजामों के बीच पूरे क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण और सुचारू रूप से संपन्न हुआ।

