भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) जिला कलक्टर कमर चौधरी ने कहा कि सभी अधिकारी विकास कार्यों को पूर्ण गुणवत्ता के साथ समय पर पूरा कराते हुए इस प्रकार कार्य करें कि आमजन को सरकार की मंशा के अनुरूप कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शिता से मिले।
जिला कलक्टर गुरूवार को जिले में विकास कार्यों एवं विभावार योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला स्तरीय एवं सभी एसडीएम, बीडीओ एवं नगरपालिका ईओ की बैठक को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकार की बजट घोषणाओं एवं विभागीय योजनाओं के तहत जिले में चल रहे विकास कार्यों को समयबद्ध रूप से पूरा करते हुए जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ उपखण्ड स्तर के अधिकारी भी निरन्तर मॉनिटरिंग कर किसी भी समस्या का त्वरित निराकरण करें। उन्होंने बजट घोषणाओं के लिए आवंटित भूमि में रास्ते, पैमाईश अथवा किसी अन्य विभाग से सम्बन्धित समन्वय की आवश्यकता होने पर एसडीएम सक्रियता से भागीदारी निभाऐं। उन्होंने बयाना के महरावर में पीएचसी के निर्माण कार्य को दो सप्ताह में शुरू करने, नइबई एवं बयाना के आरओबी के कार्य को गाति देने के निर्देश दिए। उन्होंने विधायक एवं सांसद निधि के तहत चल रहे विकास कार्यों को शीघ्र पूरा कराते हुए नवीन स्वीकृत कार्यों को समय पर शुरू कराते हुये मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
कार्यालयों का करें निरीक्षण
जिला कलक्टर ने सभी उपखण्ड़ अधिकारियों को निर्देश दिये कि चिकित्सा संस्थानों, विद्यालयों, आगंनवाड़ी केन्द्रों तथा राजकीय छात्रावासों का आकस्मिक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं में सुधारात्मक कदम उठायें। उन्होंने कहा कि मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए स्थानीय निकाय, चिकित्सा विभाग से समन्वय कर जलभराव क्षेत्रों में लार्वारोधी कार्यक्रम लगातार जारी रखें। सभी चिकित्सकों का मुख्यालय पर ठहराव होने के साथ आम लोगों को समय पर इलाज व सरकार की योजनाओं का लाभ मिले यह सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन चिकित्सा संस्थानों में गायनेकोलॉजिस्ट कार्यरत हैं वहां नियमित रूप से प्रसव की सुविधा का लाभ भी मिले।
सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का करें सत्यापन
जिला कलक्टर ने सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत पेंशन, पालनहार योजनाओं के लाभार्थियों का सत्यापन कर पात्रजनों को समय पर राशि मिले इसके निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में स्थानीय निकाय, ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायतों के माध्यम से सत्यापन कर ग्राम सभाओं में इसकी जानकरी दें। उन्होंने कहा कि बार-बार सूचना के बाद भी सत्यापन नहीं कराने वाले अपात्र लोंगों की छंटनी की कार्यवाही करें। उन्होंने खाद्य सुरक्षा योजना में सभी पात्र व्यक्तियों को जाडने तथा अपात्र व्यक्तियों को गिवअप अभियान में हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्थान पर विरोधाभास की स्थिति होने पर स्थानीय ग्राम पंचायत के ग्राम विकास अधिकारी, पटवारी, प्रशासक एवं वार्डपंच की समिति बनाकर जांच की कार्यवाही पूर्ण करें।
जनसमस्याओं निराकरण में लेटलतीफी नहीं हो
जिला कलक्टर ने नियमितरूप से हाने वाली जनसुनवाई में प्राप्त एवं राजस्थान सम्पर्क पर दर्ज होने वाले प्रकरणों की उपखण्ड एवं विभागवार समीक्षा करते हुए कहा कि समय पर निराकरण नहीं करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय होगी। उन्होंने कहा कि मासिक जनसुनवाई के प्रकरण अगली सुनवाई तक निस्तारित हों तथा सम्पर्क पोर्टल के प्रकरण प्रथम स्तरीय अधिकारी 10 दिवस में निस्तारण करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जिनमें सहायता दी गई हो उनमें परिवादी से फीडबैक भी लें। रटे-रटाये जबाब देने के बजाय समस्या का आंकलन कर वास्तविक जबाब दिया जाए। उन्होंने सभी एसडीएम, बीडीओ व तहसीलदार को प्रतिमाह अन्य विभागों द्वारा निस्तारित 10 प्रकरणों का भी सत्यापन करने के निर्देश दिए।
अतिक्रमणों को लें गम्भीरता से
जिला कलक्टर ने सभी राजस्व अधिकारियों, खण्ड विकास अधिकारियों, स्थानीय निकायों के अधिकारियों को आम रास्तों, सरकारी सम्पत्तियों, चारागाह, सिवायचक भूमि तथा मंदिर माफी की भूमि पर होने वाले अतिक्रमणों को गम्भीरता से लेते हुए त्वरित कार्यवाही के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस विभाग को भी संबंधित विभाग द्वारा पुलिस जाप्ता मांगे जाने पर उपखण्ड अधिकारी व पुलिस उपअधीक्षक के ध्यान में लाकर जाप्ता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजकीय कार्यालयों के लिए भूमि आवंटन के समय परम्परागत रास्तों का भी ध्यान रखा जाए।
इस अवसर पर सीईओ जिला परिषद मृदुल सिंह, निदेशक घना मानस सिंह, अतिरिक्त प्रशासन घनश्याम शर्मा, शहर राहुल सैनी, आयुक्त नगर निगम श्रवण विश्नोई, संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, जिले के सभी उपखण्ड अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी, तहसीलदार एवं नगर पालिकाओं के अधिशाषी अधिकारी उपस्थित रहे।