फर्जी कागजात के आधार पर करोड़ों रुपए का लोन लेने का मामला; बैंक मैनेजर ने 32 लोगों के खिलाफ मामला कराया दर्ज
फर्जी जमाबंदी से लिए करोड़ों के लोन
महवा (दौसा) महवा उपखंड के बालाहेड़ी स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा (बीओबी) की शाखा से फर्जी कागजात के आधार पर करोड़ों रुपए का लोन लेने का मामला सामने आया है। इस संबंध में बैंक मैनेजर ने 32 लोगों के खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज कराए हैं।
पुलिस ने बताया- लगभग 32 लोगों ने फर्जी जमाबंदी (भूमि रिकॉर्ड) का उपयोग करके करीब 1 करोड़ 10 लाख रुपए के लोन लिए हैं। इन लोगों पर आरोप है कि उन्होंने तत्कालीन बैंक अधिकारियों की मिलीभगत से अपनी जमीनों के जाली कागजात देकर लोन स्वीकृत करवाए थे। यह धोखाधड़ी 2009 से 2011 के बीच हुई थी। जब इन लोन का भुगतान नहीं किया गया और कानूनी जांच की गई, तो पता चला कि जमाबंदियां फर्जी थी। इसके बाद बैंक प्रबंधन ने कार्रवाई करने का निर्णय लिया।
इन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
बीओबी बैंक मैनेजर हरसंग पटेल ने बालाहेड़ी थाने में इन सभी 32 लोगों के खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज कराए हैं। इनमें कन्हैया मीणा (गगवाना), भरतलाल मीणा (नौरंगवाला), नरसीलाल बेरवा (नवरंगवाड़ा), प्रेम कंवर (विशाला), जगराम मीणा (नौरंगवाड़ा), कैलाश मीणा (मूडफोड़ी), मलखान मीणा (कायमपुर), रामकिशन मीणा (नौरंगवाड़ा), मुन्नालाल मीना (विशाला), निरंजन मीना (गगवाना), रामस्वरूप मीणा (गगवाना), मन्नालाल मीणा (मुंडफोड़ी), रुक्मिणी देवी (नौरंगवाड़ा), मनोरी मीना (नौरंगवाड़ा), रामकिशोर मीणा (मुंडफोड़ी), भगवानसहाय मीणा (नौरंगवाड़ा), नथोली (मुंडफोड़ी), घनश्याम मीणा (पीपड़ीपाड़ा), हटीला (गगवाना), जगदीश मीणा (विशाला), बुधराम मीणा (नौरंगवाड़ा), रामकिशोर मीणा (पीपड़ीपाड़ा), रमेश मीणा (विशाला), फूलचंद मीणा (विशाला), कमल मीणा (पीपड़ीपाड़ा), मानसिंह मीणा (विशाला), रामप्रसाद मीणा (नौरंगवाला), देशराज बेरवा (विशाला), गुल्ली मीना (नौरंगवाला), नरेश मीणा (मुंडफोड़ी), मोरबाई मीणा (पीपड़ीपाड़ा) और मोहनलाल प्रजापत (विशाला) शामिल हैं।