कंपनी बनाकर हड़प लिए 7 करोड़ रुपये: मुनाफे के चक्कर में फंस गए लोग, आरोप- हार्ट अटैक से मर गए कई निवेशक
गोरखपुर (शशि जायसवाल) जनपद के चौरीचौरा थाना क्षेत्र में निवेश पर कई गुना मुनाफे का लालच देकर सैकड़ों ग्रामीणों से करोड़ों रुपये की ठगी किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। ‘रिचसिगनल मल्टीनेशनल बिजनेस’ और ‘ऑल ट्रेड मार्ट’ के नाम पर संचालित फर्जी कंपनियों ने करीब 7 करोड़ रुपये से अधिक की रकम हड़प ली और अब दफ्तरों पर ताला डालकर फरार हो गई हैं। इस आर्थिक धोखाधड़ी के सदमे में कई निवेशकों की मौत की भी सूचना है।
पीड़ितों की शिकायत पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के कड़े रुख के बाद चौरीचौरा पुलिस ने 13 जनवरी को मुख्य आरोपी सुशील कुमार निगम, किशन कुमार निगम और रश्मीबाला (निवासी—सरैया लठौरवा टोला) के खिलाफ धोखाधड़ी समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
- ऐसे रचा गया ठगी का जाल
पीड़ितों के अनुसार, आरोपियों ने निवेशकों को कम समय में कई गुना रिटर्न का लालच देकर अपने जाल में फंसाया। भरोसा जीतने के लिए ‘डे मैक्स (Day Max)’ नामक मोबाइल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन मीटिंग्स कराई जाती थीं, जिनमें फर्जी बिजनेस मॉडल और झूठे आंकड़ों का प्रदर्शन किया जाता था।
निवेशकों को बांड और शेयर से जुड़े प्रमाणपत्र भी दिए गए, जो बाद में पूरी तरह फर्जी पाए गए। शुरुआती कुछ महीनों तक निवेशकों को आंशिक मुनाफा लौटाया गया, जिससे लोगों का विश्वास बढ़ा और उन्होंने बड़ी रकम निवेश कर दी।
- करोड़ों की ठगी, कई परिवार उजड़े
कोतवाली क्षेत्र के दिलेजाकपुर निवासी पीड़ित श्याम जी रावत ने बताया कि केवल उनके समूह से ही आरोपियों ने करीब 2 करोड़ 62 लाख रुपये की ठगी की है। इसमें श्याम जी के 80 लाख, रामपत के 50 लाख और विशाल सिंह यादव के 35 लाख रुपये शामिल हैं। क्षेत्र के सैकड़ों लोगों की जीवनभर की कमाई इस घोटाले में डूब चुकी है।
हैरत की बात यह है कि आर्थिक तंगी और मानसिक दबाव के चलते 3 से 4 निवेशकों ने आत्महत्या कर ली, जबकि 2 से 3 अन्य लोगों की हार्ट अटैक से मौत हो चुकी है, जिससे पूरे इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है।
- पुलिस कर रही छापेमारी
चौरीचौरा थाना प्रभारी वेद प्रकाश शर्मा ने बताया कि पीड़ितों की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी अन्य जिलों में भी इसी तरह की ठगी कर चुके हैं। फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं और साक्ष्यों के आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।