महात्मा फुले के आदर्शों से ही होगा सशक्त समाज का निर्माण: जवाहर सिंह बेढ़म
डीग (नीरज जैन) महात्मा ज्योतिबा फुले का संपूर्ण जीवन सामाजिक परिवर्तन की ऐसी प्रेरणा है, जिसने सदियों से वंचित और उपेक्षित वर्गों के जीवन में नई आशा का संचार किया। उनके बताए मार्ग पर चलकर ही एक समतामूलक और सशक्त समाज का निर्माण संभव है।
यह बात गृह, गौपालन, पशुपालन, डेयरी एवं मत्स्य विभाग के राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने रविवार को डीग जिले की बृजनगर विधानसभा के कस्बा जनूथर में कही। वे सैनी समाज विकास समिति द्वारा महात्मा ज्योतिबा फुले जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह एवं भव्य शोभायात्रा में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे।
मंत्री बेढ़म ने कहा कि जनूथर की धरा पर समाज की जागरूकता, अभूतपूर्व एकजुटता और प्रगतिशील सोच अत्यंत प्रेरणादायक है। किसी भी समाज की वास्तविक उन्नति उसके लोगों की वैचारिक चेतना और संगठन शक्ति पर निर्भर करती है। उन्होंने सैनी समाज द्वारा आयोजित इस प्रतिभा सम्मान समारोह को युवा पीढ़ी के उत्साहवर्धन के लिए मील का पत्थर बताया।
उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि महात्मा फुले ने विषम परिस्थितियों में भी शिक्षा को अधिकार के रूप में स्थापित कर सामाजिक क्रांति की नींव रखी। आज का आधुनिक विकास और लोकतांत्रिक व्यवस्था उन्हीं के विचारों की देन है। उन्होंने कहा कि शिक्षा का दीपक, जो महात्मा फुले ने जलाया, वह आज भी समाज को सही दिशा दिखा रहा है और हमें वंचित वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रेरित करता है।
मंत्री बेढम ने प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए कहा कि शिक्षा को केवल रोजगार प्राप्त करने का माध्यम न मानें, बल्कि इसे समाज सेवा और राष्ट्र निर्माण का सशक्त साधन बनाएं। उन्होंने विश्वास जताया कि महात्मा फुले के सेवा, संघर्ष और समर्पण के आदर्श आने वाली पीढ़ियों को निरंतर प्रेरित करते रहेंगे।
इस अवसर पर मंत्री बेढ़म ने शोभायात्रा का अवलोकन भी किया और आयोजन की सराहना की। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, समिति के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में समाज के प्रबुद्धजन और ग्रामीण उपस्थित रहे।

