औषधि विभाग का बड़ा एक्शन: निरीक्षण में मिली 5 गंभीर अनियमितताएं, ' मेडिकल स्टोर' का लाइसेंस 10 दिन के लिए निलंबित
खैरथल/तिजारा ( हीरालाल भूरानी)
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने नियमों की अनदेखी करने वाले मेडिकल संचालकों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। औषधि अनुज्ञापत्र (लाइसेंस) की शर्तों के उल्लंघन और औचक निरीक्षण के दौरान पाई गई गंभीर अनियमितताओं के चलते तिजारा स्थित मैसर्स 'राहुल मेडिकल स्टोर' का औषधि अनुज्ञापत्र 10 दिवस के लिए निलंबित कर दिया गया है।
निरीक्षण के दौरान मिली थीं पांच प्रकार की भारी अनियमितताएं
अनुज्ञापन प्राधिकारी एवं सहायक औषधि नियंत्रक नरोत्तम देव बारोठिया ने जानकारी देते हुए बताया कि औषधि नियंत्रण अधिकारी विष्णु कुमार शर्मा द्वारा गत 30 सितंबर 2026 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने स्थित राहुल मेडिकल स्टोर का औचक निरीक्षण किया गया था। जांच के दौरान दुकान में निम्नलिखित पांच प्रमुख अनियमितताएं पाई गईं:
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औषधि अनुज्ञापत्र (लाइसेंस) प्रमुख व दृश्य स्थान पर प्रदर्शित नहीं पाया गया।
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कंप्यूटर से जारी विक्रय बिलों की पंजीकृत फार्मासिस्ट द्वारा हस्ताक्षरित हार्ड कॉपी संधारित नहीं मिली।
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शेड्यूल H1 रजिस्टर सत्यापन के लिए प्रस्तुत नहीं किया गया।
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क्रय बिल (Purchase Bills) कालक्रमानुसार (Chronological Order) संधारित नहीं पाए गए।
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एनडीपीएस एवं शेड्यूल H1 श्रेणी की चार प्रकार की औषधियों के विक्रय संबंधी विवरण मांगने पर भी प्रस्तुत नहीं किए गए।
संतोषजनक जवाब न मिलने पर हुई निलंबन की कार्रवाई
अनियमितताएं मिलने पर विभाग की ओर से फर्म को कारण बताओ नोटिस जारी कर लिखित स्पष्टीकरण और व्यक्तिगत सुनवाई का अवसर दिया गया था। फर्म द्वारा प्रस्तुत जवाब एवं दस्तावेजों का उच्च स्तर पर परीक्षण किया गया, लेकिन निरीक्षण के समय पाई गई कमियों को लेकर उनका स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाया गया।
27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक रहेगा प्रतिबंध
सहायक औषधि नियंत्रक ने बताया कि औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 तथा तदधीन नियमावली, 1945 के प्रावधानों एवं लाइसेंस की शर्तों के स्पष्ट उल्लंघन के आधार पर फर्म के औषधि अनुज्ञापत्र संख्या DRUG/2021-22/74236 एवं DRUG/2021-22/74237 को 27 अक्टूबर 2026 से 5 नवंबर 2026 तक (दोनों तिथियों सहित) 10 दिवस के लिए निलंबित किया गया है। इस निलंबन अवधि के दौरान उक्त मेडिकल स्टोर द्वारा किसी भी प्रकार की औषधियों का क्रय-विक्रय या वितरण नहीं किया जा सकेगा। विभाग की इस सख्त कार्रवाई से क्षेत्र के अन्य दवा विक्रेताओं में भी हड़कंप मच गया है।

