देशवाली शेख बिरादरी युवा समिति की बैठक लाठी जोड़ दरगाह पर सम्पन्न :प्रतिभा सम्मान समारोह 21 सितम्बर को सुमेरपुर में
बाली (बरकत खा)
देशवाली शेख बिरादरी युवा इंतजामिया विकास समिति की बैठक आज लाठी जोड़ दरगाह पर समिति के सदर हाजी सत्तार मोहम्मद की सदारत में सम्पन्न हुई। बैठक की शुरुआत सरकारी योजनाओं के अनुरूप वृक्षारोपण कार्यक्रम से की गई, जिसमें सभी सदस्यों ने छायादार व फलदार पौधे लगाकर उन्हें गोद लिया। बैठक की शुरुआत में समिति के फाउंडर सदस्य मास्टर अल्लारख खां देसूरी की शीघ्र स्वस्थता के लिए दुआ की गई। तत्पश्चात हबीब शेख शिवगंज ने नये सदस्यों को समिति के पदाधिकारियों का परिचय कराया।
प्रतिभा सम्मान समारोह की घोषणा करते हुए डॉ. मोहम्मद इकबाल ने बताया कि यह आयोजन दिनांक 21 सितम्बर 2025 को विजयराजे सिंधिया टाउन हॉल, सुमेरपुर में होगा। जनरल सेक्रेटरी बरकत अली ने छात्र-छात्राओं के आवेदन की अंतिम तिथि 31 अगस्त 2025 घोषित की।
महिलाओं की भागीदारी पर सेवानिवृत्त कोषाधिकारी ने उनके दायित्वों और भूमिका पर प्रकाश डाला। वहीं नायब सदर अधिवक्ता मोहम्मद सफी ने पूर्व की राव (भाट) परंपरा को पुनः प्रारंभ करने की जानकारी दी। हाल ही में एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा सुराणा गांव जाकर रावजी से क्षेत्रीय नामों की पुष्टि कर लाई रिपोर्ट को ध्वनिमत से स्वीकृति मिली। पूर्व सदर लाल खां सादडी के परिवार द्वारा कार्यक्रम की स्मारिका प्रकाशित करवाने की घोषणा की गई। साथ ही पत्रिका में भामाशाहों के नाम सम्मिलित करने पर चर्चा हुई।
आयोगों/समितियों का गठन निम्नानुसार किया गया:-
- पुरस्कार वितरण समिति: संयोजक मुबारक अली देसूरी
- बैठक व्यवस्था समिति: संयोजक मोहम्मद अली रानी
- रजिस्ट्रेशन समिति: संयोजक मोहम्मद आसीफ सुमेरपुर
- स्टेज समिति: संयोजक मास्टर चिराग मोहम्मद
- भोजन व अल्पाहार समिति: संयोजक अय्यूब खांन शिवगंज
पारदर्शिता समिति का गठन हुआ जिसमें हाजी मोहम्मद ईशाक साबरी, सेवा निवृत कोषाधिकारी मोहम्मद सद्दीक फालना, मुबारक अली देसूरी, मेहबूब खां कवराड़ा, मोहम्मद हुसैन खुडाला सम्मिलित हैं, जो आयोजन उपरांत आय-व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत करेंगे।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया को तकनीकी कारणों से बंद कर ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन की घोषणा की गई। सभी दस पट्टियों (परगना)के कार्डिनेटर्स की बैठक में यह निर्णय लिया गया कि केवल सत्यापित ऑफलाइन फार्म ही मान्य होंगे। इस बैठक में डॉ. मोहम्मद इकबाल ने सभी को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।