जयकारी गाँव में ‘ग्राम कृषि महोत्सव’ का आयोजन: किसानों को दी गई नैनो उर्वरक और आधुनिक ड्रोन तकनीक की जानकारी
कुम्हेर/भरतपुर (विष्णु मित्तल)। कृषि विज्ञान केंद्र (KVK), कुम्हेर द्वारा ग्राम कृषि महोत्सव के अंतर्गत भरतपुर जिले के जयकारी गाँव में एक विशाल किसान सभा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य क्षेत्रीय किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों, वैज्ञानिक पद्धतियों और नवीनतम कृषि आदानों (Inputs) के प्रति जागरूक करना रहा।
विशेषज्ञों का मार्गदर्शन: कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कृषि महाविद्यालय कुम्हेर के डीन डॉ. आर. के. मीणा रहे। उन्होंने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाकर ही खेती को लाभ का सौदा बनाया जा सकता है। विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. के. सी. शर्मा (निदेशक छात्र कल्याण, एस.के.एन. कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर) और डॉ. नवाब सिंह (प्रमुख, केवीके कुम्हेर) ने किसानों को लागत कम करने और उत्पादन बढ़ाने के व्यावहारिक गुर सिखाए।
नैनो उर्वरक और ड्रोन तकनीक पर जोर: इफको भरतपुर के उप क्षेत्र प्रबंधक श्याम सुंदर ने कृषि क्षेत्र में आए क्रांतिकारी बदलावों की जानकारी दी। उन्होंने नैनो यूरिया, नैनो डीएपी, नैनो जिंक और सागरिका के उपयोग व लाभों पर विस्तार से प्रकाश डाला। इस दौरान किसानों को खेती में ड्रोन के माध्यम से स्प्रे करने की तकनीक का भी प्रदर्शन व जानकारी दी गई, जिससे समय और श्रम की बचत के साथ-साथ उर्वरकों का सटीक छिड़काव सुनिश्चित किया जा सके।
कार्यक्रम में डॉ. रामफूल पुनिया, डॉ. राजकुमार मीणा, डॉ. एस. पी. सिंह (प्रमुख, उद्यान विभाग, जोबनेर), डॉ. बसंत कुमार भींचर (सहायक प्रोफेसर, जोबनेर) तथा डॉ. प्रियंका जोशी (केवीके भरतपुर) ने भी अपने विचार साझा किए और किसानों की विभिन्न जिज्ञासाओं का समाधान किया। इस अवसर पर जयकारी और आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे, जिन्होंने आधुनिक कृषि उपकरणों और नई पद्धतियों को अपनाने का संकल्प लिया।


