ग्रामीण सेवा शिविर से चमकी भीमसिंह की किस्मत, मल्टीक्रॉप थ्रेशर पर मिला 1.25 लाख का अनुदान
भरतपुर, (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) राज्य सरकार द्वारा आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर-2026 गांवों में विकास और आत्मनिर्भरता की नई इबारत लिख रहे हैं। भुसावर उपखंड क्षेत्र स्थित ग्राम पंचायत झारौटी में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर ने एक किसान के सपनों को साकार कर उसे आधुनिक खेती की नई राह दिखाई। कृषि यंत्रीकरण योजना के तहत किसान भीमसिंह मीणा को मल्टीक्रॉप थ्रेशर मशीन क्रय करने पर 1 लाख 25 हजार रूपये का अनुदान स्वीकृत हुआ, जिससे उनकी खेती अब अधिक आधुनिक, लाभकारी और सुविधाजनक बन सकेगी।
झारौटी निवासी किसान भीमसिंह पुत्र रामजीवन मीणा वर्षों से आधुनिक कृषि यंत्रों की सहायता से खेती को बेहतर बनाने की इच्छा रखते थे। वे जानते थे कि कृषि यंत्रीकरण से समय, श्रम और लागत में कमी आती है तथा उत्पादन में वृद्धि होती है, लेकिन आर्थिक सीमाओं के कारण वे मल्टीक्रॉप थ्रेशर जैसे महंगे कृषि यंत्र की खरीद नहीं कर पा रहे थे।
ग्रामीण सेवा शिविर में कृषि विभाग के अधिकारियों ने उन्हें कृषि यंत्रीकरण योजना की विस्तृत जानकारी दी और बताया कि राज्य सरकार किसानों को आधुनिक कृषि उपकरण खरीदने के लिए आकर्षक अनुदान उपलब्ध करा रही है। योजना की जानकारी मिलते ही भीमसिंह ने शिविर में ही आवेदन प्रस्तुत किया। कृषि विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन किया तथा पारदर्शी एवं सरल प्रक्रिया के माध्यम से अनुदान स्वीकृति की कार्रवाई प्रारम्भ कर दी।
आज भीमसिंह के पास आधुनिक मल्टीक्रॉप थ्रेशर मशीन उपलब्ध है, जिसकी सहायता से गेहूं, मक्का, सोयाबीन सहित विभिन्न फसलों की थ्रेशिंग आसानी से की जा सकेगी। यह मशीन बीज और भूसे को अलग करने का कार्य तेजी और दक्षता से करती है, जिससे श्रम की आवश्यकता कम होती है और समय की बचत होती है। मशीन के उपयोग से डीजल की खपत भी कम होगी, जिससे खेती की लागत में उल्लेखनीय कमी आएगी।
भीमसिंह बताते हैं कि आधुनिक यंत्रों के प्रयोग से फसल की गुणवत्ता और चमक बनी रहती है, जिससे बाजार में उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त होता है। उनके अनुसार यह अनुदान केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि आधुनिक कृषि की ओर बढ़ने का एक मजबूत आधार है, जो भविष्य में उनकी आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
राज्य सरकार और जिला प्रशासन को जताया आभार
प्रगतिशील किसान भीमसिंह ने ग्रामीण सेवा शिविर में उपखंड अधिकारी राधेश्याम मीना, विकास अधिकारी, कृषि विभाग के उपस्थित अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ यदि इसी प्रकार सरल और पारदर्शी तरीके से किसानों तक पहुंचता रहा तो ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि विकास को नई गति मिलेगी। उनके अनुसार ग्रामीण सेवा शिविर किसानों को केवल सरकारी योजनाओं से जोड़ने का मंच नहीं, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर, तकनीकी रूप से सक्षम और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रभावी माध्यम बन चुके हैं।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार की किसान हितैषी योजनाएं ग्रामीण अंचलों तक पहुंच रही हैं, जिससे किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने का अवसर मिल रहा है। झारौटी के किसान भीमसिंह की यह सफलता कहानी इस बात का सशक्त उदाहरण है कि सही जानकारी, समय पर सहायता और सरकारी योजनाओं का लाभ मिल जाए तो किसान न केवल अपनी खेती को आधुनिक बना सकता है, बल्कि समृद्धि और आत्मनिर्भरता की दिशा में भी तेजी से आगे बढ़ सकता है।


