भरतपुर जिला कलक्टर कमर चौधरी का सख्त रुख:चौराहों के सौंदर्यीकरण और जल निकासी में तेजी लाने के निर्देश
भरतपुर | कोश्लेंद्र दत्तात्रेय
जिला कलक्टर कमर चौधरी ने बुधवार को बीडीए, नगर निगम और संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ भरतपुर शहर में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों एवं जलभराव प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को सख्त हिदायत दी कि सभी विकास कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा में पूरे किए जाएं। कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी अधिकारियों या संवेदक (ठेकेदार) के खिलाफ कड़ा एक्शन लिया जाएगा।
धीमी गति पर जताई नाराजगी, दिए कड़े निर्देश निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने सेक्टर-3 और एसपीएम नगर के बीच निर्माणाधीन नाले की धीमी प्रगति पर गहरा असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने संबंधित अभियंताओं को संवेदक के खिलाफ कार्रवाई करने तथा 15 दिन में अनाज मंडी गेट से सेक्टर-3 पार्क तक नाला निर्माण का काम पूरा करने का अल्टीमेटम दिया। इसके अलावा, कुम्हेर गेट सर्किल पर बन रहे नाले का काम 10 दिवस में पूरा करने और 1 सितंबर से मुख्य नाला लिंक तक कच्ची नाली खोदकर जल निकासी व्यवस्थित करने के निर्देश दिए।
जल निकासी व्यवस्था और अतिक्रमण हटाने पर जोर कलक्टर ने कुम्हेर सर्किल पर सीएफसीडी नाले से कचरा हटाकर पानी का बहाव सुचारू करने और तोप सर्किल पर नाले के अवशेष ब्लॉक सेटल कार्य को शीघ्र पूरा करने को कहा। गोलपुरा बाईपास लिंक रोड पर विद्युत खंभों व अवरोधों को हटाकर सात दिन में रोड ड्रेसिंग कार्य पूरा करने तथा हीरादास से चामड़ मंदिर रोड पर फ्लाईओवर निर्माण में बाधक अतिक्रमणों को चिन्हित कर हटाने की कार्रवाई के निर्देश दिए। हीरादास पर बीईएसएल और नगर निगम को बिजली के खंभे शिफ्ट कर नाला निर्माण चालू रखने को कहा गया।
जलभराव का स्थायी समाधान और चौराहों का सौंदर्यीकरण शहर के चौराहों के सौंदर्यीकरण की धीमी रफ्तार पर नाराजगी जताते हुए कलक्टर ने तय प्लान के अनुसार गति बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने जलभराव क्षेत्रों का जायजा लेते हुए वर्तमान में पंप सेटों द्वारा की जा रही पानी की निकासी पर संतोष जताया और निर्देश दिए कि आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त पंप लगाए जाएं तथा समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाए।
विभागों को आपसी समन्वय से काम करने की सलाह जिला कलक्टर ने जलदाय विभाग, RUIDP, नगर निगम और भरतपुर विकास प्राधिकरण (BDA) के अधिकारियों को आपसी सामंजस्य से काम करने की सलाह दी ताकि विकास कार्यों में कोई रुकावट न आए। निरीक्षण के दौरान BDA आयुक्त कनिष्क कटारिया, अधीक्षण अभियंता योगेश माथुर, नगर निगम सचिव विजय प्रताप सिंह, सार्वजनिक निर्माण विभाग के अनिरुद्ध सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी एवं अभियंता मौजूद रहे।

