अंधविश्वास में मर्डर: बीमार बेटे पर तंत्र-विद्या के शक में साढू के लड़के ने रची थी हत्या की साजिश, तीन गिरफ्तार
भरतपुर (कौशलेन्द्र दत्तात्रेय) सेवर थाना क्षेत्र के सेक्टर नंबर-13 में हुई सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर की वारदात का पुलिस और डीएसटी (DST) टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज कुछ ही दिनों में पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में हत्या की साजिश रचने वाले मुख्य आरोपी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। मृतक की पहचान कालीचरण (65), निवासी लाल बाग, बयाना के रूप में हुई है।
- झाड़ियों में मिला था शव
थानाधिकारी सतीश चंद शर्मा ने बताया कि बीती 24 जून को सेक्टर नंबर-13 के एक सुनसान खाली प्लॉट में नाले के पास झाड़ियों से एक वृद्ध का शव बरामद हुआ था। शव के निरीक्षण से साफ था कि उनकी गोली मारकर हत्या की गई थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर अनुसंधान के लिए विशेष टीमों का गठन किया था।
- सीसीटीवी और तकनीकी जांच से खुला राज
ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी को सुलझाने के लिए पुलिस ने घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और तकनीकी साक्ष्यों को एकत्रित किया। जांच में सामने आया कि इस पूरी हत्या की साजिश मृतक के रिश्ते में साढू के लड़के राजकुमार उर्फ राजू (निवासी बापू नगर, भरतपुर) ने रची थी। राजकुमार ने अपने साले श्रीकृष्ण (निवासी जावरा, मथुरा) और उसके दोस्त वीरेंद्र सिंह (निवासी नगला बरी, मथुरा) के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया।
हत्या की वजह: अंधविश्वास और शक
सतीश चंद शर्मा, थानाधिकारी, सेवर का कहना है कि- "पूछताछ में सामने आया कि मृतक कालीचरण तंत्र-विद्या का काम करता था। आरोपी राजकुमार का बेटा सत्यम पिछले कुछ समय से गंभीर रूप से बीमार था। डॉक्टरों को भी उसकी बीमारी समझ नहीं आ रही थी। ऐसे में राजकुमार को शक हो गया कि कालीचरण ने ही उसके बेटे पर तंत्र-विद्या का कोई प्रयोग कर रखा है और वह उसे जानबूझकर ठीक नहीं कर रहा है। इसी अंदेशे और अंधविश्वास में आकर उसने कालीचरण को रास्ते से हटाने का फैसला किया।"
प्लॉट दिखाने के बहाने ले गया था आरोपी
साजिश के तहत 24 जून को मुख्य आरोपी राजकुमार पीड़ित कालीचरण को सेक्टर-13 में एक खाली प्लॉट दिखाने के बहाने अपने साथ ले गया। वहां पहले से ही उसका साला श्रीकृष्ण और वीरेंद्र सिंह हथियार के साथ घात लगाकर बैठे थे। राजकुमार, कालीचरण को उनके पास छोड़कर वहां से निकल गया, जिसके बाद मौका पाकर श्रीकृष्ण और वीरेंद्र ने कालीचरण की गोली मारकर हत्या कर दी और शव को झाड़ियों में फेंककर फरार हो गए।
पुलिस ने तीनों मुख्य आरोपियों राजकुमार, श्रीकृष्ण और वीरेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस प्रशासन ने इस त्वरित सफलता के लिए डीएसटी और स्थानीय पुलिस टीम की सराहना की है। फिलहाल आरोपियों से घटनाक्रम और वारदात में शामिल अन्य संभावित सहयोगियों के बारे में गहनता से पूछताछ की जा रही है।


