राष्ट्रीय कैंसर जागरूकता दिवस: "कैंसर से डरें नहीं, जागरूक बनें" — तखतगढ़ में स्वास्थ्य विभाग की विशेष अपील
तखतगढ़ (पाली, /बरकत खान) ): राष्ट्रीय कैंसर जागरूकता दिवस के अवसर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) परिवार, तखतगढ़ द्वारा आमजन और मरीजों के स्वास्थ्य हित में एक महत्वपूर्ण जन-जागरूकता अभियान चलाया गया। स्वास्थ्य केंद्र के एसएमओ इंचार्ज डॉ. सुरेश कुमार, डॉ. अनुपम राजपुरोहित, डॉ. नीतू, डॉ. विक्रम सिंह, डॉ. राहुल और संपूर्ण चिकित्सा परिवार की ओर से समाज के नाम जारी संदेश में कहा गया है कि स्वस्थ जीवनशैली और समय पर सतर्कता अपनाकर कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से पूरी तरह बचा जा सकता है।
मुंह के कैंसर पर विशेष चिंता और आंकड़े
अभियान के दौरान डॉ. विक्रम सिंह ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO - Global Cancer Observatory) के भारत से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि देश में लिप एवं ओरल कैविटी (मुंह का कैंसर) का प्रभाव बहुत अधिक है:
- पुरुषों में: यह सभी प्रकार के कैंसर में पहले (1st) स्थान पर है।
- महिलाओं में: यह तीसरे (3rd) स्थान पर है।
- कुल आबादी (पुरुष एवं महिला दोनों): यह भारत में दूसरे (2nd) स्थान पर सबसे ज्यादा होने वाला कैंसर है।
चिकित्सकों ने स्पष्ट किया कि इन आंकड़ों से डरने के बजाय सतर्क होने की आवश्यकता है, क्योंकि ओरल कैंसर की समय रहते पहचान और बचाव बेहद आसान है।
स्वास्थ्य सुरक्षा और बचाव के लिए मुख्य टिप्स
चिकित्सकों ने आमजन से अपील की है कि तंबाकू जनित उत्पादों से दूरी बनाकर इस खतरे को काफी हद तक टाला जा सकता है:
- नशे से पूरी तरह रहें दूर: गुटखा, खैनी, सिगरेट, बीड़ी और तंबाकू के किसी भी रूप का सेवन ओरल कैंसर का सबसे बड़ा कारण है।
- लक्षणों को न करें नजरअंदाज: मुंह में कोई भी ऐसा छाला, लाल या सफेद धब्बा, या गांठ जो दो सप्ताह से अधिक समय में ठीक न हो, उसे तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।
- नियमित जांच करवाएं: अपने दांतों और मुंह की समय-समय पर जांच करवाते रहें ताकि शुरुआती बदलावों को रोका जा सके।
- स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं: खानपान में ताजे फल, हरी सब्जियां शामिल करें और नियमित रूप से शारीरिक श्रम, योग या वॉक को अपनी दिनचर्या बनाएं।
दीपोत्सव का विशेष संदेश
इस दीपोत्सव के पावन पर्व पर स्वास्थ्य केंद्र परिवार ने समाज को संदेश दिया है कि "आइए मिलकर यह संकल्प लें कि हम अपने परिवार और समाज को तंबाकू मुक्त एवं स्वस्थ बनाएंगे। खुशियों के इस पर्व पर स्वास्थ्य का उपहार ही सबसे बड़ा उपहार है।"

