भरतपुर में यौन उत्पीड़न और बाल अधिकारों पर विधिक जागरूकता शिविर आयोजित: विद्यार्थियों को सिखाया 'गुड टच-बैड टच' का पाठ
भरतपुर / कोश्लेंद्र दत्तात्रेय
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के एक्शन प्लान के तहत मंगलवार को भरतपुर के राजस्थान राज्य स्काउट एवं गाइड, मंडल मुख्यालय में छात्र-छात्राओं के लिए यौन उत्पीड़न और बाल अधिकारों पर एक दिवसीय विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
विद्यार्थियों को दी गई विभिन्न कानूनी प्रावधानों की जानकारी शिविर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भरतपुर के सचिव नवीन कुमार किलानियां ने विद्यार्थियों को पॉक्सो अधिनियम (POCSO Act), यौन उत्पीड़न से सुरक्षा, गुड टच-बैड टच, बाल विवाह के दुष्परिणाम, साइबर अपराध, दहेज प्रथा, घरेलू हिंसा और भारत के संविधान में दर्ज बालक-बालिकाओं के अधिकारों के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने छात्रों को परीक्षाओं में नकल के दुष्परिणामों, लोक उपयोगी सेवाओं के समाधान, आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत और नालसा (NALSA) की 'नशे के प्रति जागरूकता एवं नशा मुक्त भारत योजना' के बारे में भी जागरूक किया।
ज़रूरी हेल्पलाइन नंबर किए गए साझा सचिव किलानियां ने विद्यार्थियों को आपातकालीन स्थिति में मदद के लिए:
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चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
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नालसा राष्ट्रीय टोल-फ्री विधिक सहायता हेल्पलाइन: 15100
की जानकारी दी और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रेरित किया।
SDS पब्लिक स्कूल में भी हुआ आयोजन इसी क्रम में पैरा लीगल वॉलंटियर प्रदीप कुमार द्वारा एसडीएस (SDS) पब्लिक स्कूल, भरतपुर में जागरूकता शिविर लगाकर विद्यार्थियों को उनके अधिकारों और विभिन्न कानूनी प्रावधानों के प्रति सचेत किया गया।
कार्यक्रम के अंत में सीईओ गाइड कल्पना शर्मा ने सभी का आभार जताया। इस मौके पर लीडर गाइड मुरारी लाल शर्मा, मिथलेश मीणा, लक्ष्मी गुप्ता, यशोदा कुमारी, पूजा कुमारी और पुष्पा शर्मा सहित कई शिक्षक व गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
प्राधिकरण की अपील: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आमजन से अपील की है कि वे विधिक जागरूकता कार्यक्रमों का लाभ उठाएं, अपने अधिकारों के प्रति सजग बनें और आवश्यकता पड़ने पर निःशुल्क कानूनी सहायता सेवाओं का उपयोग करें।

