सुधरेगी बयाना की सूरत: ठोस कचरा प्रबंधन पर 3.41 करोड़ तो पर्यटन व ड्रेनेज पर खर्च होंगे 4.13 करोड़, अधिकारियों को दिए बेहतर समन्वय के निर्देश
बयाना में आरयूआईडीपी संवाद कार्यक्रम का आयोजन: 7.54 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं पर जनप्रतिनिधियों और प्रबुद्धजनों ने दिए अहम सुझाव
भरतपुर/बयाना (कोश्लेन्द्र दत्तात्रेय)। राजस्थान नगरीय आधारभूत विकास परियोजना (RUIDP) के पांचवें चरण के अंतर्गत बयाना शहर में प्रस्तावित 7.54 करोड़ रुपये के विकास कार्यों को लेकर गुरुवार को नगर पालिका सभागार में एक दिवसीय 'आरयूआईडीपी संवाद' कंसल्टेशन मीटिंग का आयोजन किया गया। इस बैठक में शहर के जनप्रतिनिधियों, पूर्व पार्षदों, प्रबुद्ध नागरिकों, व्यापार संघ के पदाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों और मीडिया प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
विधायक ऋतु बनावत ने उठाईं शहर की मूलभूत समस्याएं
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद बयाना विधायक ऋतु बनावत ने संवाद कार्यक्रम को एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने आरयूआईडीपी और नगर पालिका के अधिकारियों को शहर के व्यवस्थित विकास के लिए ठोस कदम उठाने की जरूरत बताई। विधायक ने बयाना में जलभराव, खराब सड़कों, बंद पड़ी रोड लाइटों, सुरक्षा कैमरों के रखरखाव और कचरा प्रबंधन की समस्याओं को प्रमुखता से रेखांकित किया। उन्होंने एसडीएम दीपक मित्तल को आरयूआईडीपी, नगर पालिका और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर तालमेल बिठाने के निर्देश दिए।
7.54 करोड़ से इन मदों में होंगे विकास कार्य
आरयूआईडीपी के अधीक्षण अभियंता विनोद चौहान ने प्रस्तुतीकरण और डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से पांचवें चरण के प्रस्तावित कार्यों का विवरण साझा किया:
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3.41 करोड़ रुपये: ठोस कचरा प्रबंधन (Solid Waste Management) पर।
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2.41 करोड़ रुपये: कमांड एंड कंट्रोल सेंटर, विरासत संरक्षण एवं पर्यटन विकास पर।
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1.72 करोड़ रुपये: बाढ़ प्रबंधन एवं बरसाती जल निकासी (Draining System) पर।
एसडीएम दीपक मित्तल ने आश्वस्त किया कि प्राप्त सुझावों को ध्यान में रखते हुए सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा किया जाएगा।
ऐतिहासिक स्थलों के सौंदर्यकरण का मिला सुझाव
खुले सत्र के दौरान स्थानीय नागरिकों और प्रबुद्धजनों ने बयाना के ऐतिहासिक सप्तकुंड, उषा मंदिर और बिहारीजी मंदिर के जीर्णोद्धार व सौंदर्यकरण, मुख्य मार्गों पर जाम की समस्या से मुक्ति तथा सफाई व्यवस्था में सुधार से जुड़े कई रचनात्मक सुझाव दिए। इस दौरान नगर पालिका की अधिशाषी अधिकारी वैशाली धाकड़ सहित स्थानीय प्रबुद्धजन और अधिकारी मौजूद रहे।

