श्रावण शुक्ल चतुर्थी पर भरा मेला: बीधोता में कल्ला जी महाराज की आकर्षक झांकी के दर्शन को पहुंचे दूर-दराज से श्रद्धालु, रातभर भजनों पर झूमे भक्त
बीधोता में कल्ला जी महाराज के मेले में उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़, भक्तिमय माहौल में पंगत में बैठकर ग्रहण की प्रसादी
सकट / राजस्थान
क्षेत्र के बीधोता गांव स्थित अरावली पर्वतमालाओं की मनमोहक तलहटी में विराजमान कल्ला जी महाराज का एकदिवसीय वार्षिक मेला श्रावण शुक्ल चतुर्थी (रविवार) को बड़े ही हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ संपन्न हुआ। मेले के अवसर पर आसपास के गांवों के साथ-साथ दूर-दराज के क्षेत्रों से आए हजारों श्रद्धालुओं ने कल्ला जी महाराज के मंदिर में दर्शन कर पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि की मन्नतें मांगी।
सुगंधित पुष्पों से सजा दरबार, रातभर गूंजी भजन संध्या
ग्रामीण शैलेंद्र खटाणा ने जानकारी देते हुए बताया कि वार्षिक मेले के पावन अवसर पर कल्ला जी महाराज की प्रतिमा का सुगंधित पुष्पों से अलौकिक और मनमोहक श्रृंगार कर भव्य झांकी सजाई गई।
इससे पूर्व, शनिवार रात्रि को मंदिर प्रांगण में एक विशाल भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें आमंत्रित स्थानीय व बाहरी कलाकारों ने अपनी सुरीली प्रस्तुतियों से रातभर कल्ला जी महाराज की महिमा का बखान किया। भजनों की रसधार पर श्रद्धालु भोर होने तक झूमते नजर आए।
भंडारे में पंगत प्रसादी और मेले की रौनक
- महाप्रसादी (भंडारा): मेले के मुख्य दिन आयोजित विशाल भंडारे में श्रद्धालुओं ने अनुशासित तरीके से पंगत में बैठकर कल्ला जी महाराज की महाप्रसादी ग्रहण की।
- जमकर हुई खरीदारी: मेले परिसर में लगी प्रसाद, खान-पान, खिलौने, सौंदर्य प्रसाधन और घरेलू सामान की दुकानों पर महिलाओं और ग्रामीणों ने जमकर खरीदारी की।
- बच्चों का उत्साह: नन्हे-मुन्नों ने चाट-पकौड़ी का जायका लिया और झूलों का आनंद उठाते हुए मेले का लुत्फ उठाया।
दिनभर मंदिर प्रांगण "जय कल्ला जी महाराज" के जयकारों से गुंजायमान रहा और समूचा वातावरण धर्ममय बना रहा।

