शादी की तैयारियों के बीच मातम: गोविंदगढ़ में थ्रेसर की बेल्ट में फंसकर युवती की मौत, दो महीने बाद होनी थी शादी
गोविंदगढ़ (अलवर)। उपखंड क्षेत्र के भैंसडावत गांव में रविवार दोपहर एक हृदयविदारक हादसे में 18 वर्षीय युवती की थ्रेसर में फंसने से मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। बाजरा निकालते समय हवा से उड़ रहे तिरपाल को ठीक करने के दौरान युवती थ्रेसर की बेल्ट और पुली की चपेट में आ गई। हादसा इतना भीषण था कि युवती के दोनों हाथ कटकर अलग हो गए और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद से ही शादी वाले घर में कोहराम मचा हुआ है।
खेती के काम में जुटा था पूरा परिवार जानकारी के अनुसार, भैंसडावत निवासी तुलसीराम सैनी रामबास मार्ग स्थित अपने खेत में परिवार के साथ ट्रैक्टर-थ्रेसर से बाजरा निकाल रहे थे। तुलसीराम खुद थ्रेसर पर खड़े होकर बाजरे के भुट्टे डाल रहे थे, जबकि उनकी पत्नी, दो बेटियां और बेटा भुट्टे उठाकर ला रहे थे। तीसरे नंबर की बेटी सपना (18) थ्रेसर से निकल रहे बाजरे को इकट्ठा कर रही थी।
एक पल की लापरवाही और जिंदगी खत्म रविवार दोपहर करीब 2:45 बजे थ्रेसर के नीचे बिछा तिरपाल तेज हवा के कारण बार-बार उड़ रहा था। सपना जैसे ही तिरपाल को सही करने के लिए आगे बढ़ी, तभी अचानक उसका सिर और शरीर थ्रेसर की चलती बेल्ट व पुली के बीच में आ गया। चीख-पुकार मचते ही परिजनों ने मशीन बंद की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
देवउठनी एकादशी को उठनी थी तीन बहनों की डोली ग्रामीण बृजेश सैनी ने बताया कि सपना और उसकी दो बड़ी बहनों की शादी आगामी देवउठनी एकादशी पर तय हुई थी। घर में पिछले कुछ समय से शादी की तैयारियां और खरीदारी चल रही थी। एक साथ तीन बेटियों की डोली उठने की खुशी में पूरा परिवार जुटा था, लेकिन इस दर्दनाक हादसे ने खुशियों को पल भर में मातम में बदल दिया। तुलसीराम के चार बेटियों और एक बेटे में सपना तीसरे नंबर की थी। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

