कठूमर में नवसंवत पर वैश्य दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया, लक्ष्मी पूजन कर सुख-समृद्धि की कामना
कठूमर (दिनेश लेखी) वैश्य समाज कठूमर के तत्वावधान में नवसंवत के पावन अवसर पर गुरुवार को कस्बे के बाबा लालदास मंदिर में वैश्य दिवस श्रद्धा, उल्लास और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत वैश्य समाज के लोगों द्वारा समाज की आराध्य देवी माता लक्ष्मी एवं बाबा लालदास के चरणों में ढोक लगाकर आशीर्वाद लेने से हुई। सभी ने नववर्ष के आगमन पर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की। मंदिर में पूजा-अर्चना के दौरान धार्मिक वातावरण बना रहा और समाज के लोगों ने एक-दूसरे को नवसंवत की शुभकामनाएं भी दीं।
वैश्य समाज के महामंत्री गगन खंडेलवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि यह कार्यक्रम वैश्य समाज के अध्यक्ष लोकेश जैन के सानिध्य एवं युवा अध्यक्ष रमाकांत खंडेलवाल के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। इस अवसर पर अग्रवाल समाज के अध्यक्ष ओमप्रकाश अग्रवाल, जैन समाज के अध्यक्ष मुकेश सौख, महिला वैश्य समाज की अध्यक्ष बीना बंसल, वरिष्ठ सदस्य रमनलाल अग्रवाल एवं संजय जैन ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
इस दौरान वक्ताओं ने नवसंवत के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा (एकम) तिथि से विक्रम संवत का शुभारंभ होता है, जिसे भारतीय नववर्ष के रूप में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि यह दिन नई ऊर्जा, नई शुरुआत और सकारात्मक संकल्पों का प्रतीक है। समाज को एकजुट रहकर परंपराओं को आगे बढ़ाने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम में समाज के विभिन्न पदाधिकारियों एवं सदस्यों की सक्रिय भागीदारी रही। इस अवसर पर वैश्य समाज के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अनिल कूलवाल, पारस जैन, मंत्री मनोज आमेरिया, शैलेश बंसल, लोकेश पंसारी, प्रवीण जैन, चमन खंडेलवाल सहित महिला टीम की उपाध्यक्ष पलक खंडेलवाल, अनीता खंडेलवाल, अर्चना खंडेलवाल, साक्षी बंसल, कोषाध्यक्ष पारुल खंडेलवाल, मनीषा अग्रवाल, सहित अनेक गणमान्य महिला एवं पुरुष उपस्थित रहे।
अंत में सभी ने समाज की एकता और प्रगति के लिए मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया तथा कार्यक्रम का समापन आपसी शुभकामनाओं के आदान- प्रदान के साथ हुआ।