चेटीचण्ड पर भीलवाड़ा में आस्था का महाकुंभ: सिंधी समाज की ऐतिहासिक वाहन रैली, अनुशासन और भव्यता ने जीता दिल
भीलवाड़ा (बृजेश शर्मा) इष्टदेव भगवान झूलेलाल के जन्मोत्सव ‘चेटीचण्ड’ पर गुरुवार को शहर में आस्था, उत्साह और अनुशासन का अद्भुत संगम देखने को मिला। सकल सिंधी समाज की ओर से निकाली गई विशाल वाहन रैली ने भव्यता के नए कीर्तिमान स्थापित कर दिए। चित्रकूट धाम से शुरू हुई इस ऐतिहासिक रैली को जनप्रतिनिधियों और संतों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
रैली के शुभारंभ अवसर पर सांसद दामोदर अग्रवाल, विधायक अशोक कोठारी, श्री गोविंद धाम दरबार के महंत गणेश दास महाराज, सिंधी सेंट्रल पंचायत अध्यक्ष रमेश सभनानी, संयोजक विनोद झूरानी, समाजसेवी हेमन दास भोजवानी व कैलाश कृपलानी सहित कई गणमान्यजन मौजूद रहे।
‘जियो झूलेलाल’ के जयघोष से गूंजा शहर
रैली में हजारों की संख्या में समाजजन शामिल हुए, जिनके ‘जियो झूलेलाल’ के जयघोष से पूरा शहर गूंज उठा। सबसे आगे भगवान झूलेलाल, मां हिंगलाज और नौ कन्याओं का वैदिक पूजन किया गया। हेरिटेज कारें और ओपन जीप रैली के प्रमुख आकर्षण रहे। जगह-जगह ड्रोन से पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया गया, जिसने आयोजन को और भी यादगार बना दिया।
ड्रेस कोड और अनुशासन बना आकर्षण का केंद्र
रैली की सबसे खास बात समाज की एकजुटता और अनुशासन रही। तय ड्रेस कोड के अनुसार महिलाएं लाल परिधान में और पुरुष सफेद वस्त्रों में नजर आए, जो शक्ति और शांति का प्रतीक बने। विशेष टीम की व्यवस्थाओं के चलते हजारों वाहन तीन कतारों में सुव्यवस्थित रूप से चलते नजर आए, जिससे पूरे आयोजन में कहीं भी अव्यवस्था नहीं दिखी।
प्रमुख मार्गों से निकली भव्य यात्रा
चित्रकूट धाम से शुरू होकर रैली शहर के प्रमुख मार्गों—गर्ल्स कॉलेज गेट, जंगजीत महादेव, हेमुकालानी सर्कल, बड़ला चौराहा, सालासर बालाजी, सोलंकी टॉकीज, सिंधुनगर, गांधी बाजार, सूचना केंद्र, गोल प्याऊ और इंदिरा मार्केट—से होकर गुजरी। पूरे मार्ग में डीजे और ढोल की धुन पर युवाओं का उत्साह चरम पर रहा। विशेष रूप से बनाए गए सेल्फी पॉइंट्स पर युवाओं की भीड़ आकर्षण का केंद्र रही।
रेलवे स्टेशन चौराहे पर भव्य समापन
रैली का समापन रेलवे स्टेशन चौराहे पर हुआ, जहां श्रद्धालुओं को फल-प्रसाद वितरित किया गया। इसके बाद दोपहर 12:15 बजे मंदिर में ‘झंडा साहब’ की रस्म अदा की गई और विशाल महाप्रसादी का आयोजन हुआ।
सिंधी समाज के पदाधिकारियों ने इस सफल आयोजन के लिए जिला पुलिस-प्रशासन और शहरवासियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन समाज की एकता और सांस्कृतिक विरासत को और मजबूत करते है