हलैना (विष्णु मित्तल) भारतीय जनता पार्टी, अजान गुनसारा मंडल के अंतर्गत ग्राम रारह में पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान कार्यशाला का सफल एवं गरिमामय आयोजन मंडल अध्यक्ष प्रहलाद सिंह उवार की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की सक्रिय उपस्थिति ने संगठन की मजबूती और उत्साह को स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया।
प्रशिक्षण शिविर के दौरान विभिन्न सत्रों के माध्यम से संगठन के मूल सिद्धांतों, कार्यपद्धति, विचारधारा, कार्य विस्तार एवं बूथ सशक्तिकरण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन और सारगर्भित चर्चा की गई। कार्यकर्ताओं को पार्टी की रीति-नीतियों, संगठनात्मक संरचना तथा जमीनी स्तर पर कार्य करने की रणनीति के बारे में विस्तार से प्रशिक्षण प्रदान किया गया।वक्ताओं के प्रभावी एवं विस्तृत उद्बोधन0लाखन सिंह जघीना ने अपने उद्बोधन में कहा कि भाजपा का संगठन अनुशासन, समर्पण और व्यवस्थित कार्यशैली पर आधारित है। मनोज खंडेलवाल (वैचारिक अधिष्ठान),पूर्व जिला अध्यक्ष मनोज खंडेलवाल ने वैचारिक अधिष्ठान विषय पर अपने विचार रखते हुए कहा कि भाजपा केवल सत्ता प्राप्ति का माध्यम नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का एक सशक्त आंदोलन है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं को राष्ट्रवाद, सांस्कृतिक मूल्यों, सेवा और समर्पण की भावना को अपने जीवन में उतारने का संदेश दिया। मोहन रारह (भाजपा का इतिहास, बूथ प्रबंधन एवं “मन की बात”)
पूर्व जिला महामंत्री मोहन रारह ने अपने अत्यंत प्रभावी, प्रेरणादायक एवं विस्तृत उद्बोधन में भाजपा के इतिहास, बूथ प्रबंधन और “मन की बात” विषय पर गहन प्रशिक्षण प्रदान किया।
उन्होंने बताया कि भाजपा का इतिहास केवल एक राजनीतिक दल की यात्रा नहीं, बल्कि राष्ट्रसेवा, त्याग और संघर्ष की प्रेरणादायक गाथा है।
उन्होंने विस्तार से बताया कि—
• वर्ष 1951 में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी द्वारा जनसंघ की स्थापना की गई, जिसका उद्देश्य राष्ट्रवाद आधारित राजनीति को स्थापित करना था।
• कश्मीर में “एक देश में दो विधान, दो प्रधान, दो निशान—नहीं चलेंगे” का उद्घोष इसी विचारधारा का प्रतीक था।
• 1975 के आपातकाल में जनसंघ के कार्यकर्ताओं ने लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष किया और जेल यात्राएं कीं।
• 1977 में जनसंघ का जनता पार्टी में विलय हुआ और पहली बार गैर-कांग्रेसी सरकार बनी।
• 1980 में भारतीय जनता पार्टी का गठन हुआ और अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में संगठन ने नई दिशा प्राप्त की।
• प्रारंभिक संघर्षों के बाद भाजपा ने 2 सीटों से शुरू होकर आज विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनने तक का सफर तय किया।
उन्होंने कहा कि“यह संगठन सत्ता से नहीं, बल्कि समर्पित कार्यकर्ताओं की तपस्या से खड़ा हुआ है।”
बूथ प्रबंधन
बूथ प्रबंधन पर उन्होंने जोर देते हुए कहा—“चुनाव मंच से नहीं, बूथ से जीते जाते हैं।”
उन्होंने बूथ समिति गठन, पन्ना प्रमुख व्यवस्था, मतदाता सूची का सूक्ष्म अध्ययन, घर-घर संपर्क, लाभार्थियों से जुड़ाव और मतदान दिवस की रणनीति पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया।
उन्होंने कहा—“मजबूत बूथ ही भाजपा की जीत की सबसे बड़ी कुंजी है” और प्रत्येक कार्यकर्ता से अपने-अपने बूथ को सशक्त बनाने का आह्वान किया।
मन की बात” विषय
“मन की बात” विषय पर उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम देश के नेतृत्व और आम जनता के बीच संवाद का सशक्त माध्यम है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे इसे गांव-गांव तक पहुंचाएं, सामूहिक रूप से सुनें और इसके संदेशों को समाज के हर वर्ग तक पहुँचाएं, जिससे संगठन और जनता के बीच विश्वास और जुड़ाव और अधिक सुदृढ़ हो।
जिला कार्यालय मंत्री उत्तम शर्मा ने कार्य विस्तार विषय पर बोलते हुए कहा कि संगठन की शक्ति उसके निरंतर विस्तार में निहित है। उन्होंने नए कार्यकर्ताओं को जोड़ने, युवाओं और महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने तथा समाज के प्रत्येक वर्ग तक संगठन की पहुंच सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि जितना संगठन का विस्तार होगा, उतनी ही उसकी शक्ति और प्रभाव बढ़ेगा।
इस प्रशिक्षण कार्यशाला में प्रमुख रूप से— भाजपा जिला उपाध्यक्ष जगदीश अजान, लाल सिंह, एडवोकेट अश्वनी कुंतल, नवनीत चतुर्वेदी, चंद्रपाल सिंह, वीरेंद्र सिंह अवार, संदीप मान, जागन सिंह, अशोक सिंह, बाबू सिंह , बचू सिंह , जीतू पहलवान , राजेश कुमार, राजू, तेज सिंह, खेमचंद , बदन सिंह, मोहन सिंह मास्टर, राजेंद्र , मूलचंद सहित अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी कार्यकर्ताओं ने संगठन को और अधिक सशक्त बनाने का संकल्प लिया। “मेरा बूथ – सबसे मजबूत” के दृढ़ संकल्प के साथ प्रशिक्षण महाअभियान कार्यशाला का सफल समापन हुआ।