'जेन-जी' शब्द से बीजेपी का परहेज, जयपुर में अजेय कुमार बोले— "हमारा शब्द युवा शक्ति", बैठक में नेताओं ने यूडीएच मंत्री से जताई नाराजगी
जयपुर। दिल्ली के जंतर-मंतर पर हाल ही में हुए युवाओं के प्रदर्शनों के बाद बैकफुट पर आई भारतीय जनता पार्टी अब 'जेन-जी' (Gen-Z) शब्द से दूरी बनाती नजर आ रही है। मंगलवार को प्रदेश बीजेपी कार्यालय में आयोजित जयपुर संभाग की निकाय चुनाव समीक्षा बैठक में संगठन महामंत्री अजेय कुमार ने कार्यकर्ताओं और नेताओं को सख्त नसीहत देते हुए कहा कि पार्टी में 'जेन-जी' शब्द का इस्तेमाल न किया जाए। उन्होंने कहा कि हमें अपनी भारतीय संस्कृति के अनुसार युवाओं को 'युवा शक्ति' कहकर ही संबोधित करना है।
"यह जेन-जी क्या होता है?"— सुझाव पर संगठन महामंत्री की नसीहत
बैठक के दौरान जब संगठन महामंत्री अजेय कुमार नेताओं और पदाधिकारियों से निकाय चुनाव में जीत का रोडमैप तैयार करने के लिए सुझाव मांग रहे थे, तभी एक पदाधिकारी ने कहा कि चुनाव जीतने के लिए हमें 'जेन-जी' को साधना पड़ेगा। इस पर अजेय कुमार ने रोकते हुए पूछा, "यह क्या होता है?" इसके बाद उन्होंने स्पष्ट किया कि भारतीय परंपरा और संस्कृति में युवाओं के लिए 'युवा शक्ति' शब्द ही उपयुक्त है और इसी भाव के साथ उन्हें पार्टी से जोड़ना है।
यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा के सामने फूटा पदाधिकारियों का गुस्सा
बैठक में संगठन की मजबूती के साथ-साथ मंत्रियों और नौकरशाही की कार्यशैली को लेकर भारी असंतोष देखने को मिला। मंच पर मौजूद स्वायत्त शासन (UDH) मंत्री झाबर सिंह खर्रा के सामने ही कई पदाधिकारियों ने मंत्रियों पर सुनवाई न करने के गंभीर आरोप लगाए:
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ईओ हटाने की मांग पर नहीं हुई सुनवाई: अलवर उत्तर के जिलाध्यक्ष महासिंह चौधरी ने यूडीएच मंत्री की कार्यशैली पर सीधा सवाल खड़ा करते हुए कहा कि उन्होंने निकाय में पदस्थापित एक ईओ को हटाने की सिफारिश की थी, लेकिन सरकार स्तर पर उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई।
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"कांग्रेस मानसिकता वाले अफसरों को तुरंत हटाएं": पिलानी से बीजेपी प्रत्याशी रहे राजेश दहिया ने कहा कि निकाय चुनाव में जाने से पहले सरकार को निकायों में खाली पड़े ईओ, आरओ, एईएन और जेईएन के पदों को भरना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के ढाई साल बीत जाने के बाद भी कांग्रेस विचारधारा के अधिकारी अहम पदों पर बैठे हैं, जिससे आम जनता के काम अटक रहे हैं और सरकार की छवि धूमिल हो रही है।
मूलभूत सुविधाएं दुरुस्त करने के निर्देश
बैठक में मौजूद नेताओं ने सर्वसम्मति से सुझाव दिया कि निकाय चुनावों से पहले सभी वार्डों में स्ट्रीट लाइट, साफ-सफाई और सड़कों की मरम्मत जैसे मूलभूत काम तुरंत पूरे होने चाहिए। कार्यकर्ताओं के तेवर देखकर मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने बैठक के दौरान ही अधिकारियों को फोन कर व्यवस्थाएं जल्द से जल्द दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
इस उच्चस्तरीय बैठक में जयपुर संभाग के प्रभारी मंत्री, विधायक, प्रत्याशी, जिलाध्यक्ष और वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे।

