लक्ष्मणगढ़ में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाई गई नाग पंचमी; सावन के तीसरे सोमवार का बना दुर्लभ योग
लक्ष्मणगढ़ (अलवर/कमलेश जैन) सावन महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर आज नाग पंचमी मनाई गई। योग शिक्षक पंडित लोकेश कुमार ने बताया कि भगवान शिव के आभूषण नाग देवता की पूजा करने से व्यक्ति के जीवन की समस्याएं खत्म होती हैं ।
हिंदू धर्म में नाग पंचमी का विशेष महत्व माना गया है। मान्यता है कि नाग देवता की पूजा करने से परिवार को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है ।और कालसर्प दोष सहित कई बाधाओं से राहत मिलती है। आज मनाई गई नाग पंचमी बेहद खास मानी जा रही है, क्योंकि आज सावन का तीसरा सोमवार भी है।
कस्बे सहित क्षेत्र में नाग पंचमी का त्यौहार पारंपरिक श्रद्धा और विश्वास भाव के साथ मनाया गया। महिलाओं ने घरों में कोयले गेरू से नाग देवता का चित्र बनाकर अंकुरित अनाज मूंग, मोठ, चना व दूध फल फूल का भोग लगाया तथा परिवार की रक्षा की कामना रखते हुए व्रत रखकर घरों में एकत्रित होकर कथा सुनी।
महिलाओं ने शिव मंदिरों में शिवलिंग व नाग देवता की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर घर परिवार की रक्षा की कामना की गई।
पंचमी की धार्मिक मान्यता -पंडित लोकेश -
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नाग देवता की पूजा करने से भय, बाधाएं और नकारात्मकता दूर होती है। महत्वपूर्ण बात यह है कि पूजा में भक्ति, श्रद्धा और सकारात्मक भाव होना चाहिए। सच्चे मन से की गई आराधना ही सबसे बड़ा पूजन मानी जाती है।

