बदला निकाय राजनीतिक समीकरण, कहीं खुशी तो कहीं गम
लक्ष्मणगढ़ (अलवर/कमलेश जैन) नगरीय निकाय चुनावो के वार्ड पार्षद पदो के लिए आरक्षण की लॉटरी आज निकल जाने के पश्चात कस्बे में राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई हैं।
किस वार्ड से कौन सा वर्ग चुनाव लड़ेगा, यह तय होने के बाद संभावित प्रत्याशियों ने चुनावी तैयारियां जोर-शोर से शुरू कर दी हैं।
वहीं कस्बे के 25 वार्डों में एससी, एसटी, ओबीसी, महिला और सामान्य अनारक्षित वार्ड तय होने से चुनावी समीकरण बदल गए हैं।
कस्बे में नगरपालिका के गठन होने के उपरांत पहली बार हो रहे नगर पालिका के चुनाव में लोगों में काफी उत्साह नजर आ रहा है।
स्थानीय नगर पालिका में अध्यक्ष पद जनरल महिला आरक्षित होने से भी चुनाव रोचक होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। कई वार्डों का आरक्षण बदलने से दिग्गज नेताओं को नए वार्ड तलाशने पड़ रहे हैं। या वे मैदान से बाहर हो गए हैं। कस्बे में कहीं खुशी तो कहीं गम जैसी स्थिति देखने को मिल रही है ।
भावी प्रत्याशियों ने सोसल मीडिया पर अपना प्रचार प्रसार शुरू कर दिया है ।पार्टीओ के टिकट लेने के लिए प्रत्याशियों ने अपने-अपने जुगाड़ बैठाना शुरू कर दिया है । जीत के लिए समीकरण तैयार करने मे लग गये हैं।
टिकट के दावेदारी मे राजनीतिक दलो के नेताओं की प्रत्याशियों की मतदाताओं में मजबूत पकड़ जिताऊ चेहरों की तलाश भी तेज हो गई है।
जैसे ही लॉटरी के परिणाम सामने आए, वैसे ही कई वार्डों में भावी पार्षदों के होश उड़ गए। जिन वार्डों में भावी पार्षद मेहनत कर रहे थे, उनमें से कई वार्ड अब किसी दूसरी श्रेणी के लिए आरक्षित हो गए हैं। इससे कई दावेदारों को अब पड़ोसी वार्डों में नए समीकरण ढूंढने में लगे हुए हैं।
दूसरी तरफ, जिन वार्डों में आरक्षण उनके अनुकूल हो गया है, वहां नए चेहरों पर खुशी नजरआ रही है।और युवा दावेदारों ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं।
वार्ड आरक्षण की लॉटरी निकलने के बाद अब आम जनता में भी अपने स्थानीय मुद्दों को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
स्थिति स्पष्ट हो जाने से नए दावेदार अब अपने-अपने वार्डों में सड़क, पानी, और सफाई जैसे मुख्य मुद्दों को लेकर सोशल मीडिया के माध्यम एवं व्यक्तिगत पहुंचकर मतदाताओं को लुभाने का प्रयास करेंगे।

