59 साल बाद बलाना लौटा सहकारी समिति का मुख्यालय, ग्रामीणों में खुशी की लहर; कार्यालय व खाद-बीज गोदाम के लिए पुराना पंचायत भवन आवंटित
सुमेरपुर/बलाना (बरकत खान) ग्राम पंचायत बलाना के ग्रामीणों और किसानों का करीब छह दशक लंबा इंतजार आखिरकार खत्म हुआ। ग्राम सेवा सहकारी समिति लिमिटेड बलाना का मुख्यालय 59 वर्ष पश्चात गोगरा से पुनः मूल पंचायत मुख्यालय बलाना स्थानांतरित हो गया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बाद शनिवार को श्री चामुण्डा माताजी मंदिर सभा भवन में समिति की पहली औपचारिक बैठक अध्यक्ष जेठूसिंह राठौड़ की अध्यक्षता में आयोजित की गई।
बैठक में समिति के सुचारु संचालन, खाद-बीज गोदाम और नए कार्यालय भवन को लेकर अहम निर्णय लिए गए। ग्राम पंचायत प्रशासक शम्भूराम मीणा ने आश्वस्त किया कि बस स्टैंड स्थित पुराने पंचायत भवन का एक बड़ा हॉल और कमरा तीन दिन के भीतर अस्थायी तौर पर समिति को उपलब्ध करा दिया जाएगा। उक्त भवन में चल रही आंगनवाड़ी को ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सुमेरपुर व प्रधानाचार्य पूरण कुमार की सहमति से राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के एक बड़े कमरे में स्थानांतरित कर दिया गया है।
बैठक के दौरान नए सदस्य जोड़ने, अवधिपार सदस्यों से बकाया वसूली में तेजी लाने और स्थानीय स्तर पर खाद-बीज वितरण की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित करने पर विस्तृत चर्चा हुई।
- लंबे संघर्ष के बाद मिली सफलता
मुख्यालय बहाली को लेकर बलाना व वाडिया के किसानों और ग्रामीणों ने कई बार सहकारिता मंत्री व जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपे थे। मुख्यालय वापस बलाना आने पर क्षेत्र के किसानों ने राहत की सांस लेते हुए हर्ष व्यक्त किया। इस अवसर पर व्यवस्थापक शैतान सिंह, उपाध्यक्ष गोविन्दसिंह, सदस्य सवाई सिंह, चेलाराम मीणा, नरपतसिंह दहिया सहित ग्रामीण व कृषक इन्दरसिंह, महेन्द्रसिंह, जालमसिंह, लक्ष्मणसिंह, नरेन्द्रसिंह, हनवंतसिंह, नारायणसिंह, मूलाराम आदि मौजूद रहे।

