मुख्य सचिव ने पशु पॉलीक्लिनिक का किया औचक निरीक्षण: लम्पी डिजीज से प्रभावित गोवंश के इलाज और जांच प्रक्रिया का लिया जायजा
भरतपुर: मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने पशु पॉलीक्लिनिक और रोग निदान प्रयोगशाला का किया निरीक्षण, लम्पी बीमारी के इलाज की परखी व्यवस्थाएं
भरतपुर / कोशलेन्द्र दत्तात्रेय
अपने भरतपुर दौरे के दौरान मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने जिला मुख्यालय स्थित पशुपालन विभाग के पॉलीक्लिनिक और क्षेत्रीय रोग निदान प्रयोगशाला का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पशुधन के उपचार के लिए दी जा रही सुविधाओं तथा लम्पी स्किन डिजीज (Lumpy Skin Disease) से प्रभावित गोवंश के इलाज की प्रक्रिया की बारीकी से जानकारी ली।
उपचार व्यवस्थाओं और सैंपलिंग प्रक्रिया का अवलोकन
निरीक्षण के दौरान मुख्य सचिव ने चिकित्सालय में आने वाले श्वान, गाय, भैंस और अन्य पशुओं के लिए उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं, उपचार व्यवस्था और रोग निदान से जुड़े कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने लम्पी डिजीज से ग्रसित गोवंश के नियमित उपचार और रोकथाम के लिए किए जा रहे प्रयासों को देखा। इसके साथ ही, बीमार पशुओं के लिए लिए जाने वाले सैम्पल और उनकी जांच प्रक्रिया के संबंध में अधिकारियों से विस्तार से चर्चा की।
मुख्य सचिव ने पॉलीक्लिनिक और प्रयोगशाला में साफ-सफाई तथा चिकित्सकीय व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने निर्देश दिए कि पशुपालकों को समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधाएं मिलनी चाहिए और उन्हें सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाते हुए उन्नत नस्ल के पशुपालन के लिए प्रेरित किया जाए।
प्रमुख प्रशासनिक अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर जिला कलक्टर कमर चौधरी, अतिरिक्त कलक्टर शहर राहुल सैनी, पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. सुरेशचंद्र मीना, संभागीय अतिरिक्त निदेशक डॉ. खुशीराम मीना, संयुक्त निदेशक डॉ. मनोज कुमार, और पॉलीक्लिनिक के उपनिदेशक डॉ. राजीव सिंघल सहित पशुपालन विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

