अग्रसेन महिला महाविद्यालय में गूंजा 'नशा मुक्त युवा-विकसित भारत' का संदेश: एनएसएस शिविर में छात्राओं ने ली शपथ
खेरली (दिनेश लेखी)
स्थानीय अग्रसेन महिला महाविद्यालय, खेरली में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) की तीनों इकाइयों के संयुक्त तत्वावधान में ‘नशा मुक्त युवा–विकसित भारत’ अभियान के अंतर्गत एक विशेष नशामुक्ति एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और एक स्वस्थ, नशामुक्त समाज के निर्माण में युवाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना था।
नशे के शारीरिक और सामाजिक दुष्परिणामों पर चर्चा
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजकीय आयुर्वेद हॉस्पिटल खेरली रेल एवं आयुष्मान आरोग्य मंदिर, खोह के चिकित्सा अधिकारी प्रभारी डॉ. मनीष कुमार जैन रहे, जबकि अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. बी.एल. उपाध्याय ने की।
मुख्य अतिथि डॉ. मनीष कुमार जैन ने छात्राओं को संबोधित करते हुए नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्प्रभावों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशा न केवल एक व्यक्ति के स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि उसके पूरे परिवार और समाज को गहरे संकट में डाल देता है। उन्होंने युवाओं से सदैव नशे से दूर रहने और अपने आसपास के लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करने का आह्वान किया।
युवाओं को राष्ट्र निर्माण में जुटने का संदेश
प्राचार्य डॉ. बी.एल. उपाध्याय ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि युवा शक्ति देश की सबसे बड़ी ताकत है। युवाओं को अपनी ऊर्जा का उपयोग शिक्षा, सकारात्मक कार्यों और राष्ट्र निर्माण में करना चाहिए। केवल एक नशामुक्त युवा पीढ़ी ही स्वस्थ और विकसित भारत के सपने को साकार कर सकती है।
एनएसएस कार्यक्रम प्रभारी डॉ. नेहा गोयल ने भी छात्राओं को समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी संतोष कुमार शर्मा द्वारा किया गया। इस दौरान स्वयंसेविका छात्राओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया।
इस अवसर पर रेखा जैन, कृष्णा शर्मा, मौनू साहू, रूपेश शर्मा, भागीरथ कुमार, देवेंद्र कुमार, मोहन सिंह गुर्जर, मोहन सिंह जाट, ओमवती देवी और हेमलता गोयल सहित अन्य समस्त स्टाफ सदस्य एवं बड़ी संख्या में एनएसएस स्वयंसेविका छात्राएं उपस्थित रहीं।

