टुंडपुरा में अंतरराष्ट्रीय संत बालकदास महाराज का आगमन 7 अक्टूबर को, गुरुमाया आश्रम पर होगा भव्य स्वागत
हलैना (विष्णु मित्तल) | गांव टुंडपुरा स्थित सिद्ध पुरुष स्वर्गीय रंगली भगत जी महाराज की जन्मभूमि एवं श्री गुरुमाया आश्रम पर बुधवार, 7 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय संत बालकदास महाराज का पावन आगमन होगा। संतश्री के सानिध्य में 11 से 20 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले 71वें भव्य नवदुर्गा एवं दशहरा उत्सव की रूपरेखा तय की जाएगी।
आश्रम सेवकों एवं श्री गुरुमाया भक्त मंडल के अनुसार, संत बालकदास महाराज के स्वागत के लिए एक विशेष स्वागत समिति का गठन किया गया है। इसमें आश्रम के संत साधू बाबा, परशराम भगत, सन्तोष बाबा, पण्डा बाबा एवं अब्बे भगत सहित प्रमुख शिष्यों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
आगमन के दौरान संतश्री के पावन सानिध्य में संत रंगली भगत जी महाराज, यज्ञशाला और गुरुमाया की विधिवत पूजा-अर्चना की जाएगी। आगामी 10 दिवसीय धार्मिक महोत्सव की तैयारियों को लेकर भक्तों व शिष्यों की आवश्यक बैठक भी आयोजित होगी। संत के आगमन को लेकर टुंडपुरा व आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है।

