खैरथल में दूसरे दिन भी चला बुलडोजर: मातोर रोड, अग्रसेन मार्ग और रेलवे स्टेशन रोड से हटाए गए अतिक्रमण,सभापति रहे मौजूद
खैरथल (हीरालाल भूरानी)
शहर को अवैध अतिक्रमण और आए दिन लगने वाले ट्रैफिक जाम की समस्या से पूरी तरह मुक्त कराने के लिए नगर परिषद का अभियान शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन भी पूरे जोश के साथ जारी रहा। परिषद की टीम ने पांच जेसीबी मशीनों के साथ मातोर रोड, अग्रसेन मार्ग और रेलवे स्टेशन रोड सहित शहर के कई प्रमुख मार्गों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों को हटाया। इस दौरान रास्तों में बाधा बन रहे पक्के चबूतरे, टीन शेड और अन्य अस्थाई निर्माणों को जेसीबी से जमींदोज किया गया।
टीम के पहुंचते ही मचा हड़कंप, लोगों ने खुद हटाया सामान
कार्रवाई की भनक लगते ही कई अतिक्रमणकारियों और दुकानदारों में हड़कंप मच गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कई लोगों ने तो नगर परिषद की टीम के मौके पर पहुंचने से पहले ही सड़क सीमा से अपना सामान समेटना शुरू कर दिया। इस कार्रवाई को देखने के लिए बाजारों में भारी भीड़ भी जुट गई। परिषद की टीम ने सार्वजनिक रास्तों और पटरियों पर किए गए कब्जों को सख्ती से साफ कराया।
सभापति विक्रम सिंह चौधरी रहे मौजूद
इस संपूर्ण अभियान के दौरान नगर परिषद सभापति विक्रम सिंह चौधरी स्वयं टीम के साथ मौजूद रहे। उनके कड़े निर्देशों के तहत शहर के अलग-अलग हिस्सों में कार्रवाई को अंजाम दिया गया। सभापति ने स्पष्ट किया कि यह अतिक्रमण हटाओ अभियान पूरी तरह निष्पक्ष रूप से चलाया जा रहा है। शहर को अतिक्रमण और जाम मुक्त बनाने के बाद यातायात व्यवस्था को सुचारू करने और शहर के सुनियोजित विकास (प्लानिंग) पर काम किया जाएगा।
इस दौरान जेईएन (JEN) मोतीलाल वर्मा, अतिक्रमण हटाओ दस्ता प्रभारी हवासिंह, नगर परिषद कर्मचारी मनोज चौधरी सहित अन्य अमला मौजूद रहा। कानून-व्यवस्था की स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए खैरथल पुलिस का जाब्ता भी पूरी मुस्तैदी के साथ तैनात रहा।
पहले दिन भी हुई थी बड़ी कार्रवाई
गौरतलब है कि नगर परिषद ने इस अभियान की शुरुआत गुरुवार को रेलवे फाटक से किशनगढ़बास रोड तक की थी। पांच जेसीबी मशीनों द्वारा करीब छह घंटे तक चली उस कार्रवाई में सड़क किनारे के चबूतरों और सामानों को हटाया गया था। निकाय चुनाव के दौरान शहर में अतिक्रमण और जाम एक प्रमुख चुनावी मुद्दा रहा था। ऐसे में नगर परिषद के इस सख्त रुख से शहरवासियों में खुशी की लहर है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन के इस कदम का स्वागत करते हुए इस अभियान को भविष्य में भी निरंतर जारी रखने की मांग की है।

